सेंधवा: इंस्टाग्राम पर दोस्ती के बाद आदिवासी युवती से दुष्कर्म, धर्म परिवर्तन का दबावगंभीर धाराओं में केस, आरोपी राउंडअप
इंस्टाग्राम पर जान-पहचान शुरू होने के बाद आरोपी युवक युवती को बहला-फुसलाकर देवास ले गया और दुष्कर्म करने के साथ धर्म परिवर्तन के लिए प्रताड़ित करता रहा।

सेंधवा में एक युवती को सोशल मीडिया के माध्यम से परिचय बढ़ाने वाले युवक ने बहला-फुसलाकर देवास ले जाकर दुष्कर्म किया। युवती पर शादी और धर्म परिवर्तन का दबाव बनाते हुए लगातार प्रताड़ित किया गया। शिकायत पर पुलिस ने आरोपी के खिलाफ गंभीर धाराओं में केस दर्ज किया।
इंस्टाग्राम परिचय के बाद घटना बनी गंभीर
पीड़िता ने पुलिस को बताया कि उसकी पहचान इंस्टाग्राम पर सेंधवा के खलवाड़ी मोहल्ला निवासी तौसीफ, पिता नौशाद खान से हुई। बातचीत बढ़ने के बाद 23 नवंबर को तौसीफ ने उसका एक झूठा वीडियो बनाया, जिसमें उसे अपनी मर्जी से घर से जाने की बात कहने को मजबूर किया गया ताकि शिकायत होने पर कार्रवाई न हो सके।
देवास ले जाकर दुष्कर्म और धर्म परिवर्तन का दबाव
पीड़िता के अनुसार, 24 नवंबर को तौसीफ उसे बाइक से देवास ले गया और एक दोस्त के खाली मकान में ले जाकर उसके साथ दुष्कर्म किया। इसके बाद उसने शादी का दबाव डालते हुए जबरन धर्म परिवर्तन करने की प्रताड़ना दी। उसने कहा कि शादी के बाद उसे मुस्लिम बनना पड़ेगा, बुर्खा पहनना होगा और नमाज पढ़नी होगी। पीड़िता को देवास में आरोपी की बहन के घर भी एक दिन रखा गया।
25 नवंबर को आरोपी ने पीड़िता को इंदौर से सेंधवा लाकर छोड़ दिया और भाग गया। इस दौरान उसकी दूसरी बहन भी साथ थी। पीड़िता तबीयत खराब होने के कारण सेंधवा शहर थाने पहुंची, जहां से उसे वन स्टॉप सेंटर बड़वानी भेजा गया।
माता-पिता की वापसी के बाद केस दर्ज
2 दिसंबर को माता-पिता महाराष्ट्र से लौटे और युवती को वन स्टॉप सेंटर से सेंधवा लाए। पूरी घटना बताने के बाद बुधवार को शहर थाना पहुंचकर तौसीफ के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई गई।
जांच अधिकारी एसआई संतोष पाटीदार ने बताया कि तौसीफ के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता 2023 की धारा 64(1), अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति (नृशंसता निवारण) अधिनियम 1989 की धारा 3(2)(v), 3(1)(w)(i), तथा मध्य प्रदेश धार्मिक स्वतंत्रता अधिनियम 2020 की धारा 3, 5 के तहत केस दर्ज किया गया है। आरोपी को राउंडअप कर लिया गया है।



