कलेक्टर की अध्यक्षता में जिला स्तरीय बैंकर्स सलाहकार एवं समीक्षा समिति की बैठक आयोजित, प्रमुख योजनाओं में प्रगति लाने के दिए निर्देश

बड़वानी। कलेक्टर जयति सिंह की अध्यक्षता कलेक्ट्रेट सभागृह बड़वानी में जिला स्तरीय बैंकर्स सलाहकार एवं समीक्षा समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक में जिला पंचायत सीईओ सुश्री काजल जावला, संयुक्त कलेक्टर श्री सोहन कनाश, डीडीएम नाबार्ड, बैंक के आंचलिक/क्षेत्रीय कार्यालयों के प्रतिनिधि, जिला समन्वयक एंव विभागीय अधिकारी प्रमुख रूप से सम्मिलित हुए।
बैठक में कलेक्टर जयति सिंह ने बैंकवार और ब्रांचवार जिले में संचालित विभिन्न शासकीय योजनाओं में बैंकों की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की गई। कलेक्टर श्रीमती सिंह ने जिले में प्राथमिकता वाली योजनाओं समीक्षा कर बैंकों तथा संबंधित विभागों को लक्ष्यों को समय-सीमा में प्राप्त करने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि वित्तीय समावेशन और पात्र हितग्राहियों को लाभ पहुँचाना प्रशासन की सर्वाेच्च प्राथमिकता है।
बैठक में दिए गए मुख्य निर्देश
बैठक में कलेक्टर श्रीमति जयति सिंह निर्देशित किया कि सभी बैंकर्स से जिला प्रशासन के साथ समन्वय स्थापित कर कार्य करें और मासिक लक्ष्यों की पूर्ति सुनिश्चित करें। कलेक्टर ने बैंक प्रबंधकों एवं अधिकारियों को निम्न बिन्दुओं पर निर्देशित किया-
1. बैठक में कलेक्टर ने निर्देश दिए कि पीएम स्वनिधि योजना के तहत बैंकों में लंबित पड़े प्रकरणों का निराकरण तत्काल प्रभाव से किया जाए। यह योजना छोटे व्यापारियों और पथ-विक्रेताओं के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है।
2.जिले के आकाँक्षी विकास खंड पाटी में शत-प्रतिशत वित्तीय समावेशन सुनिश्चित करने हेतु बैंकों को खाते खोलने के कार्य में तेजी लाने के निर्देश दिए गए।
3.प्रधानमंत्री जीवन ज्योति बीमा योजना, प्रधानमंत्री सुरक्षा बीमा योजना और अटल पेंशन योजना जैसी सामाजिक सुरक्षा योजनाओं के तहत नए हितग्राहियों को जोड़ने की संख्या में तेजी से वृद्धि की जाए ताकि अधिक से अधिक नागरिकों को बीमा और पेंशन का लाभ मिल सके।
4.कलेक्टर ने पशुपालन एवं मत्स्य विभाग संबंधित किसान क्रेडिट कार्ड के लंबित आवेदनों को निपटाने तथा प्रधानमंत्री विश्वकर्मा योजना के तहत लाभार्थियों को शीघ्र ऋण स्वीकृत करने पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए।
5.बैठक में आरसेटी बड़वानी को निर्देशित किया कि कौशल विकास एवं स्वरोजगार अंतर्गत जिले में रोज़गार की मांग के अनुरूप कौशल प्रशिक्षण आयोजित किए जाएँ।



