कलेक्टर की अध्यक्षता में समय-सीमा एवं अंतरविभागीय समन्वय बैठक में विभागों की समीक्षा

जनोदय पंच। बड़वानी। कलेक्टर श्रीमती जयति सिंह कलेक्ट्रेट सभागृह बड़वानी में सोमवार आयोजित समय-सीमा सह अन्तरविभागीय समन्वय संबंधी बैठक में विभिन्न विभागों के विभागीय कार्याे की विस्तृत समीक्षा की गई। बैठक में ग्रीष्मकालीन पेयजल व्यवस्था और जल गंगा संवर्धन अभियान 2026 पर विशेष जोर दिया गया।
1.कलेक्टर ने जल गंगा संवर्धन अभियान 2026 के अंतर्गत जनभागीदारी से जल संरक्षण के कार्याे की प्रतिदिन सतत मॉनिटरिंग करने हेतु नोडल विभागो को निर्देश दिए। जल संरचनाओं का निर्माण वैज्ञानिक पद्धति से करने और पूरे कैचमेंट एरिया को कवर करने पर बल दिया।
2.ग्रीष्मकालीन पेयजल व्यवस्था हेतु जिला पंचायत और पीएचई विभाग को निर्देश दिए गए कि वे ग्राम और फलिया स्तर तक जल स्रोतों की माइक्रो मैपिंग करें। पेयजल संकट की स्थिति में अधिकारियों को त्वरित कार्रवाई के निर्देश दिए।

3.कलेक्टर ने सीएम हेल्पलाइन के प्रकरणों अंतर्गत 100 दिवस एवं एल 3 व एल 4 स्तर पर लंबित प्रकरणों की समीक्षा कर समस्त अधिकारियों को समय-सीमा में निराकरण करने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि सभी विभागों के जिला नोडल अधिकारी अपने लक्ष्यों के अनुरूप प्रतिदिन कार्य करें।
4.राजस्व कार्यों की समीक्षा बैठक में पीएम किसान पंजीकरण, ई-केवाईसी और एनपीसीआई की वर्तमान स्थिति की समीक्षा की गई। राजस्व अधिकारियों को लंबित सभी प्रकरणों को तत्काल निराकृत करने के निर्देश दिए। साथ ही सीमांकन हेतु सीमांकन कैलेंडर बनाकर शेष कार्य कर प्रगति लाने के निर्देश दिए।
4.शासन द्वारा किसानों को समय पर एवं पारदर्शितापूर्वक उर्वरक उपलब्ध हो इस हेतु नवीन उर्वरक वितरण प्रणाली अंतर्गत ई-विकास प्रणाली (ई-टोकन) लागू की गयी है। आगामी सीजन में कृषकों को ई-विकास पोर्टल के माध्यम से ई-टोकन द्वारा उर्वरक वितरण किया जाना। इस संबंध में कलेक्टर ने समस्त एसडीएम को उर्वरक वितरण व्यवस्था की समुचित व्यवस्था की निगरानी के निर्देश दिए हैं।साथ ही उप संचालक कृषि को ई-विकास प्रणाली टोकन व्यवस्था हेतु लॉगिन सेटउप की व्यवस्था के निर्देश दिए।
5. शिक्षा विभाग को पुन पुस्तक मेला आयोजित करने एवं प्रवेश उत्सव व भविष्य से भेट कार्यक्रम की विस्तृत समीक्षा शिक्षकों की ट्रेनिंग और टेस्ट परिणामों की निगरानी पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए।
6.एनआरएलएम को 2 से 3 पंचायतों के मान से गतिविधि को लेकर क्षेत्र में आर्थिक गतिविधि को प्रेरित करें।
7.क्रियाशील पंचायत, स्कूल, अग्नि सुरक्षा, टीबी एवं कौशल विकास एवं रोजगार के सम्बंध में समीक्षा की गईं।
इस दौरान जिला पंचायत सीईओ सुश्री काजल जावला, अपर कलेक्टर श्री सोहन कनाश, संयुक्त कलेक्टर श्री रवि वर्मा सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।



