सेंधवा
सेंधवा; सोमवार को शहर में मुस्लिम समाजजनों ने मनाया गया कुंडे का त्योहार’

सेंधवा ; इस्लामी कैलेंडर अनुसार 22 रजब सोमवार को पूरे देश में मुस्लिम समाजजनों ने हजरत इमाम-ए-ज़ाफ़र-ए-सादिक रज़ीअल्लाहु तआला अन्हु की याद में कुंडे का त्योहार’ पूरे अकीदत और एहतराम के साथ मनाया गया। इस मौके पर लोगों ने रात में खास तौर पर खीर, पूरी, गुलाब जामुन, के साथ साथ कई तरह के पकवान तैयार किए गए रात भर घरों में फातिहा की तैयारी होती रही। सुबह होते ही फातिहा के बाद लोग एक-दूसरे के घर जाकर तबर्रुक ग्रहण करते नजर आए शहर के कई मोहल्लों में भाईचारे और मोहब्बत का माहौल देखने को मिला।
आलमी तहरीक सुन्नी दावते इस्लामी शहर सेंधवा के मुबल्लिग आदिल नूरी साहब ने बताया कि इसी दिन यानी 22 रजब को पैगंबर-ए-इस्लाम के अज़ीम सहाबी हज़रत अमीर मुआविया रज़ीअल्लाहु तआला अन्हु का विसाल भी हुआ था। इस मौके पर उनकी याद में देश भर के मुसलमानों ने फातिहा ख्वानी का एहतमाम किया और उनके वसीले से दुआएं की गईं और उनकी ज़िंदगी से सीख लेने की बात कही गई।

बुजुर्गों का कहना है कि कुंडे का त्योहार इमाम जाफ़र-ए-सादिक रज़ीअल्लाहु तआला अन्हु की याद में मनाया जाता है और इसका मकसद आपसी मेल-जोल, इंसानियत और भाईचारे को बढ़ावा देना है। बच्चों से लेकर बुजुर्गों तक सभी ने इस में बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया।
इस मौके पर लोगों ने देश में अमन, चैन और खुशहाली के लिए दुआ की और एक-दूसरे को मुबारकबाद दी।



