नागदा: खाचरोद जेल से कैदी फरार, तीन अधिकारी सस्पेंड, जेल ऑडिट के निर्देश
कैदियों के फरार होने के बाद खाचरोद जेल में प्रशासनिक कार्रवाई, प्रदेशभर की जेलों में ऑडिट होगा

खाचरोद जेल से कैदियों के फरार होने की घटना के बाद प्रशासन ने कार्रवाई की है। निरीक्षण के बाद जिम्मेदार अधिकारियों को निलंबित किया गया। सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा के लिए प्रदेश की सभी जेलों में ऑडिट कराने के निर्देश जारी किए गए हैं।
नागदा के खाचरोद जेल से कैदियों के फरार होने की घटना के बाद शुक्रवार को प्रशासनिक कार्रवाई की गई। मध्य प्रदेश के डीजी जेल वरुण कपूर खाचरोद जेल पहुंचे और स्थिति का निरीक्षण किया। दौरे के बाद दो जेलर और एक जेल प्रहरी को निलंबित कर दिया गया।
प्रभारी जेलर भी सस्पेंड
वर्तमान खाचरोद जेल प्रभारी नवीन नीमा, को भी निलंबित किया गया है। नवीन नीमा, के पास खाचरोद जेल का अतिरिक्त प्रभार था। वे शुक्रवार को नए जेलर को चार्ज सौंपकर उज्जैन में पदभार ग्रहण करने वाले थे।
तबादले के बाद चार्ज नहीं लिया
नीमच जेल के जेलर का खाचरोद जेल में तबादला किया गया था, लेकिन उन्होंने अब तक चार्ज नहीं लिया था। गुरुवार को कैदियों के फरार होने की घटना सामने आने के बाद उन्हें भी निलंबित कर दिया गया। वे शुक्रवार को ही खाचरोद जेल का चार्ज लेने वाले थे।
प्रदेशभर की जेलों का ऑडिट
इस अवसर पर डीजी जेल वरुण कपूर, ने बताया कि मध्य प्रदेश की सभी जेलों में ऑडिट कराया जाएगा। ऑडिट का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि जेल परिसरों में ऐसी कोई वस्तु मौजूद न हो, जो कैदियों को जेल तोड़ने या भागने में सहायता कर सके। उन्होंने कहा कि पहले भी ऑडिट होते रहे हैं, लेकिन अब प्रक्रिया को और सख्त तथा प्रभावी बनाया जाएगा।
पेंटिंग के बहाने रची फरारी की साजिश
जेल में पेंटिंग का काम कर रहे तीनों कैदियों ने पूरी योजना के तहत सुरक्षा व्यवस्था को चकमा दिया। शाम के समय सभी कैदियों के बैरक में लौटने के दौरान उन्होंने भी पेंटिंग में उपयोग किए गए रंग के डिब्बे जमा कर दिए, ताकि किसी को उन पर संदेह न हो। इसके बाद उन्होंने पेंटिंग के लिए इस्तेमाल की जा रही सीढ़ी को दीवार के पास ही छोड़ दिया और मौका मिलते ही उसी सीढ़ी के सहारे जेल की दीवार लांघकर फरार हो गए।



