बड़वानी और सेंधवा महाविद्यालयों में जल गंगा संवर्धन अभियान के तहत जल संरक्षण और परिसर सुरक्षा पर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित
विद्यार्थियों को जल बचाने के उपाय बताए गए, डॉक्यूमेंट्री प्रदर्शन और शपथ के साथ सामाजिक जिम्मेदारी पर जोर

बड़वानी और सेंधवा के महाविद्यालयों में जल गंगा संवर्धन अभियान के तहत जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। इसमें जल संरक्षण, परिसर सुरक्षा और सामाजिक जिम्मेदारी को लेकर विद्यार्थियों व स्टाफ को प्रेरित किया गया।
बड़वानी/सेंधवा में शहीद भीमा नायक शासकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय बड़वानी के प्रवक्ता डॉ सुखलाल मुवेल द्वारा वीर बलिदानी खाज्या नायक शासकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय सेंधवा में ‘जल गंगा संवर्धन अभियान’ के तहत व्यापक जागरूकता कार्यक्रम में छात्रों को जानकारी दी गई। इस आयोजन का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों, स्टाफ और आम नागरिकों के बीच जल संरक्षण के साथ-साथ परिसर सुरक्षा के प्रति चेतना विकसित करना रहा।
जल संरक्षण पर प्राचार्य का संदेश
महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. जी एस वास्कले ने अपने संबोधन में कहा कि जल जीवन का मूल आधार है और इसके संरक्षण के लिए समाज के प्रत्येक व्यक्ति की सक्रिय भागीदारी अनिवार्य है। उन्होंने छात्र सुरक्षा पर चिंता व्यक्त करते हुए परिसर में आवारा पशुओं और कुत्तों की रोकथाम को भी बेहद जरूरी बताया और इसके लिए सामाजिक स्तर पर जन-जागरण का आह्वान किया।
डॉक्यूमेंट्री और शपथ
कार्यक्रम के दौरान मध्य प्रदेश शासन द्वारा निर्मित एक विशेष डॉक्यूमेंट्री फिल्म दिखाई गई। इसमें वर्तमान जल संकट, वाटर हार्वेस्टिंग, वर्षा जल संचयन और जल बचाने के व्यावहारिक तरीकों को सरल ढंग से प्रस्तुत किया गया। इसके उपरांत डॉ. जितेंद्र साईंखेड़िया ने सभी को ग्रामीण जल स्रोतों—जैसे नदियों, तालाबों, कुओं और बावड़ियों की स्वच्छता बनाए रखने और जल के समुचित उपयोग की शपथ दिलाई।
सहभागिता और संचालन
इस अभियान को सफल बनाने में प्राचार्य डॉ. जी.एस. वास्कले, डॉ. सुखलाल मुवेल, प्रोफेसर संतोष पटेल और डॉ. जितेंद्र साईंखेड़िया तथा वनस्पति विभाग के समस्त स्टाफ की महत्वपूर्ण भूमिका रही। कार्यक्रम का सफल संचालन सेंधवा महाविद्यालय के वनस्पति विभाग के सहयोग से संपन्न हुआ, जिसमें बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं और स्टाफ सदस्य उपस्थित रहे।



