बड़वानी: किसानों का अल्टीमेटम, 10 नवंबर से खलघाट हाईवे पर अनिश्चितकालीन चक्का जाम
राष्ट्रीय किसान मजदूर महासंघ ने फसल खरीदी, पारदर्शिता और ऋण माफी को लेकर 6 नवंबर तक शासन से ठोस कार्रवाई की मांग की है।

बड़वानी जिले में राष्ट्रीय किसान मजदूर महासंघ ने 10 नवंबर से खलघाट नेशनल हाईवे पर अनिश्चितकालीन धरना और चक्का जाम की घोषणा की है। संगठन ने कपास खरीदी, पंजीयन और ऋण माफी सहित कई मुद्दों पर शासन-प्रशासन को 6 नवंबर तक कार्रवाई की चेतावनी दी है।
किसानों ने दी प्रशासन को चेतावनी
राष्ट्रीय किसान मजदूर महासंघ निमाड़ प्रांत मध्य प्रदेश, जिला बड़वानी इकाई ने खलघाट नेशनल हाईवे पर अनिश्चितकालीन धरना और चक्का जाम का ऐलान किया है। संगठन ने स्पष्ट कहा है कि यदि शासन और प्रशासन ने किसानों की समस्याओं का समाधान 6 नवंबर तक नहीं किया, तो 10 नवंबर 2025 से खलघाट हाईवे पर चक्का जाम शुरू किया जाएगा।
कपास खरीदी में पारदर्शिता और पंजीयन की समस्याएं मुख्य मुद्दा
संगठन ने कहा है कि सीसीआई द्वारा खरीदी प्रक्रिया में पारदर्शिता नहीं रखी जा रही। किसानों की फसलों को न्यूनतम समर्थन मूल्य पर नहीं खरीदा जा रहा और 25 प्रतिशत नमी वाले कपास को भी अस्वीकार किया जा रहा है। पंजीयन प्रक्रिया में भी किसानों को कई तकनीकी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। संगठन ने इन सभी समस्याओं के तत्काल निराकरण की मांग की है।
10 नवंबर से अनिश्चितकालीन आंदोलन का आह्वान
राष्ट्रीय किसान मजदूर महासंघ ने सभी किसानों से अपील की है कि वे 10 नवंबर को तन, मन और आवश्यक सामग्री के साथ खलघाट हाईवे पर एकत्र हों और अनिश्चितकालीन धरना-चक्का जाम में शामिल हों। संगठन का कहना है कि अब आर-पार की लड़ाई होगी और शासन-प्रशासन के खिलाफ किसानों की आवाज निर्णायक रूप में उठेगी।
फसल का दाम और ऋण माफी बनेगा मुख्य एजेंडा
जिला अध्यक्ष मदन मुलेवा ने बताया कि संगठन का पूरा कार्यक्रम किसानों की फसल के उचित दाम और किसानों के समस्त ऋण माफी पर केंद्रित रहेगा। उन्होंने कहा कि किसानों ने आवेदन और निवेदन बहुत कर लिए, अब निर्णायक संघर्ष का समय है।



