सेंधवा। सरपंच, सचिव व सहायकों की समस्याएं उठीं, सामूहिक अवकाश का ऐलान
पंचायत कर्मचारियों की मांगें तेज, समाधान न होने पर आंदोलन की चेतावनी

रमन बोरखड़े। सेंधवा। संयुक्त मोर्चा ने पंचायत कर्मचारियों की समस्याओं को लेकर ज्ञापन सौंपा। वेतन, भुगतान और कार्रवाई से जुड़ी मांगों के निराकरण के लिए सामूहिक अवकाश की घोषणा की गई। समाधान न होने पर आंदोलन की चेतावनी दी गई है।
संयुक्त मोर्चा द्वारा गुरूवार को सेंधवा जनपद पंचायत कार्यालय में सीईओ के नाम ब्लॉक समन्वयक को ज्ञापन दिया गया। ज्ञापन में पंचायत सरपंच, सचिव, सहायक सचिव और मोबिलाइजरों की समस्याओं को उठाया गया। ज्ञापन में बताया गया कि ग्रामीण विकास विभाग के अंतर्गत विभिन्न योजनाओं के कार्य निष्पादन में कई प्रकार की कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है, जिनमें वेतन रोकना, निलंबन और अन्य प्रशासनिक कार्रवाइयां शामिल हैं।
भुगतान और कार्यों से जुड़ी परेशानियां
ज्ञापन में उल्लेख किया गया कि जलगंगा संवर्धन के तहत किए गए निर्माण कार्यों में मजदूरी और सामग्री का भुगतान अभी तक नहीं किया गया है, जिससे ग्राम पंचायतों में कार्य प्रभावित हो रहे हैं। साथ ही अन्य विभागों के कार्यों का दबाव, वेतन कटौती और अटैचमेंट जैसी कार्रवाइयों का सामना भी करना पड़ रहा है।
कर्मचारियों पर कार्रवाई और वेतन मुद्दा
संयुक्त मोर्चा ने बताया कि जनपद पंचायत ठीकरी और पाटी में सचिवों पर कार्रवाई की गई है। रोजगार सहायकों और मोबिलाइजरों को समय पर मानदेय नहीं मिल रहा है। कई मामलों में महीनों से भुगतान लंबित है, जिससे कर्मचारियों को आर्थिक और मानसिक परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
आंदोलन की चेतावनी
ज्ञापन में मांग की गई है कि सभी समस्याओं का शीघ्र निराकरण किया जाए। अन्यथा 19 मार्च 2026 से 22 मार्च 2026 तक अवकाश और 23 मार्च से 24 मार्च तक सामूहिक अवकाश पर रहने की घोषणा की गई है। इसके बाद भी मांगें पूरी नहीं होने पर हड़ताल और प्रदर्शन की चेतावनी दी गई है।



