बड़वानी महाविद्यालय में जल गंगा संवर्धन अभियान, विद्यार्थियों को जल संरक्षण के प्रति किया जागरूक
विद्यार्थियों ने जल संरक्षण और जल स्रोतों की स्वच्छता का लिया संकल्प, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और आधुनिक तकनीक से जल प्रबंधन पर दिया गया जोर

बड़वानी महाविद्यालय में जल गंगा संवर्धन अभियान के तहत राष्ट्रीय सेवा योजना इकाई द्वारा शपथ एवं हस्ताक्षर अभियान आयोजित किया गया। कार्यक्रम में विद्यार्थियों को जल संरक्षण, जल स्रोतों की स्वच्छता और जल के सदुपयोग के प्रति जागरूक किया गया तथा समाज में सकारात्मक संदेश देने का आह्वान किया गया।
बड़वानी में मुख्यमंत्री की मंशानुसार और उच्च शिक्षा विभाग मध्यप्रदेश शासन के निर्देशानुसार जल गंगा संवर्धन अभियान के अंतर्गत महाविद्यालय में राष्ट्रीय सेवा योजना इकाई द्वारा शपथ ग्रहण एवं हस्ताक्षर अभियान आयोजित किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य जल संरक्षण को बढ़ावा देना और विद्यार्थियों को जल संकट के प्रति जागरूक करना रहा।
आधुनिक तकनीक से जल प्रबंधन पर चर्चा
कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों और उपस्थितजनों ने हस्ताक्षर कर जल संरक्षण के प्रति अपनी प्रतिबद्धता व्यक्त की। कार्यक्रम में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, 100 प्रतिशत वेस्ट वाटर रिसाइकिलिंग, स्मार्ट वाटर सिस्टम, रोबोट और ड्रोन के माध्यम से जल प्रबंधन को अधिक प्रभावी, स्वचालित और वैज्ञानिक बनाने पर जानकारी दी गई। साथ ही जागरूकता और जिम्मेदारी को भी आवश्यक बताया गया।

जल संरक्षण के लिए जागरूक रहने का संदेश
महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. प्रमोद पंडित ने कहा कि “जल प्रकृति का अमूल्य उपहार है। यदि आज हम जल संरक्षण के प्रति जागरूक नहीं हुए तो आने वाली पीढ़ियों को गंभीर जल संकट का सामना करना पड़ेगा।” उन्होंने प्रत्येक व्यक्ति से दैनिक जीवन में जल बचाने और समाज में जागरूकता फैलाने का आह्वान किया।

समाज में सकारात्मक संदेश देने का प्रयास
प्रो. आर.आर. मुवेल ने बताया कि कार्यक्रम का उद्देश्य युवाओं को जल संकट के प्रति जागरूक कर समाज में सकारात्मक संदेश देना है। कार्यक्रम के माध्यम से विद्यार्थियों को जल संरक्षण को जन आंदोलन बनाने के लिए प्रेरित किया गया। इस अवसर पर महाविद्यालय का समस्त स्टाफ, स्वयंसेवक और विद्यार्थी उपस्थित रहे।



