इंदौर

इंदौर में RE-2 बाधक निर्माण हटाने पहुंची टीम पर पथराव, पुलिस ने दो लोगों को हिरासत में लिया

बंगाली चौराहा-पीपल्याहाना मार्ग के अधूरे हिस्से का काम पूरा कराने पहुंची निगम-प्रशासन की टीम का विरोध, पथराव में दो घायल

जनोदय पंच। इंदौर में RE-2 के अधूरे हिस्से का काम पूरा कराने बाधक निर्माण हटाने पहुंची टीम का कुछ लोगों ने विरोध किया। इसके बाद पथराव हुआ। पुलिस ने प्लास्टिक पाइप से लोगों को खदेड़कर स्थिति संभाली। पथराव में दो लोग घायल हुए।

कार्रवाई के दौरान हुआ पथराव

इंदौर में बंगाली चौराहा से पीपल्याहाना के बीच RE-2 रोड के करीब एक किलोमीटर लंबे अधूरे हिस्से का काम पूरा कराने के लिए मंगलवार सुबह 11 बजे नगर निगम और प्रशासन ने बाधक निर्माण हटाने की कार्रवाई शुरू की।

टीम जेसीबी, पोकलेन और पुलिस बल के साथ बिचौली कांकड़, शिव नगर और शिव दर्शन नगर पहुंची। कार्रवाई का कुछ लोगों ने विरोध किया। इसके बाद रिमूवल टीम और पुलिस पर पथराव शुरू हो गया। मौके पर अफरा-तफरी की स्थिति बन गई। पुलिस ने प्लास्टिक पाइप से लोगों को खदेड़कर स्थिति नियंत्रित की। पथराव में दो लोगों को चोटें आईं, जिन्हें अस्पताल भेजा गया। पुलिस ने दो लोगों को हिरासत में लिया है।

4.25 किमी लंबी सड़क, 3.20 किमी काम पूरा

एसडीएम घनश्याम धनगर के अनुसार, RE-2 की कुल लंबाई 4.25 किमी और चौड़ाई 45 मीटर है। इसमें 3.20 किमी सड़क का निर्माण पूरा हो चुका है। करीब एक किलोमीटर हिस्सा तीन साल से अधूरा है। प्रोजेक्ट पर करीब 55 करोड़ रुपए खर्च किए जा चुके हैं। सड़क के रास्ते में कुल सात बस्तियां बाधक हैं।

325 परिवारों का हो चुका व्यवस्थापन

पिपलियाहाना-बिचौली कांकड़ क्षेत्र में 325 परिवारों का पहले ही व्यवस्थापन किया जा चुका है। इनमें 303 परिवार आवासीय प्रकोष्ठों में रह रहे हैं। कोर्ट के स्थगन आदेश के कारण 22 मकान नहीं हटाए गए थे। कोर्ट के निर्णय के बाद इन परिवारों को आवास आवंटित कर 15 दिन का नोटिस दिया गया है।

वहीं, 22 मकानों के अलावा बने 58 अवैध कच्चे झोपड़े हटाए जा चुके हैं। शांति नगर, पंचमुखी हनुमान मंदिर नायता रोड, स्कंदधाम कॉलोनी और आरटीओ के पास की बस्ती के परिवारों को भी प्रधानमंत्री आवास योजना के नीलगिरि परिसर में शिफ्ट किया जा चुका है।

अब शिव नगर और शिव दर्शन नगर की बारी

शिव नगर में 80 मकानों में 117 परिवार और शिव दर्शन नगर में 55 मकानों में 72 परिवार रह रहे हैं। इनका भी नीलगिरि परिसर में व्यवस्थापन किया जाना है। निगम के अनुसार, बाधाएं हटने के बाद RE-2 के बचे हिस्से का निर्माण शुरू कराया जाएगा।

सड़क पूरी होने से भूरी टेकरी, पीपल्याहाना, बंगाली और नायता मुंडला आरटीओ क्षेत्र को वैकल्पिक कनेक्टिविटी मिलेगी। इससे आवागमन आसान होने के साथ मुख्य मार्गों पर यातायात का दबाव कम होने की उम्मीद है।

 

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button
error: Content is protected !!