सद्भावना, सहिष्णुता और परस्पर सम्मान के माध्यम से ही विकसित भारत का निर्माण संभव है” – डॉ. प्रमोद पंडित

बड़वानी। सद्भावना दिवस पर महाविद्यालय में विद्यार्थियों ने लिया एकता और भाईचारे का संकल्प लिया शासकीय आदर्श महाविद्यालय, बड़वानी में 20 अगस्त को सद्भावना दिवस के अवसर पर विद्यार्थियों एवंमहाविद्यालयीन स्टाफ द्वारा राष्ट्रीय एकता, भाईचारे, प्रेम, शांति एवं सामाजिक सद्भावना का संदेश दिया गया।
कार्यक्रम के दौरान डॉ आकाश एस्के द्वारा विद्यार्थियों एवं उपस्थित स्टाफ को सद्भावना की शपथ दिलाई गई। विद्यार्थियों ने जाति, धर्म, भाषा एवं क्षेत्र के भेदभाव से ऊपर उठकर आपसी सहयोग, सौहार्द एवं भाईचारे की भावना को मजबूत करने का संकल्प लिया।

महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. प्रमोद पंडित ने कहा कि “सद्भावना, सहिष्णुता और परस्पर सम्मान के माध्यम से ही मजबूत एवं विकसित भारत का निर्माण संभव है।” उन्होंने विद्यार्थियों से समाज में शांति, एकता और सामाजिक समरसता का वातावरण बनाने में सक्रिय भूमिका निभाने का आह्वान किया। राष्ट्रीय सेवा योजना (रासेयो) के कार्यक्रम अधिकारी प्रो. आर.आर. मुवेल ने सद्भावना दिवस के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि युवा पीढ़ी सामाजिक समरसता की मजबूत आधारशिला है।

विद्यार्थियों को अपने आचरण एवं गतिविधियों के माध्यम से समाज में प्रेम, शांति और भाईचारे का संदेश प्रसारित करना चाहिए। कार्यक्रम में महाविद्यालय के डॉ रितेश भावसार डॉ अलकेश मुवेल आदि प्राध्यापकगण, कर्मचारी एवं बड़ी संख्या में विद्यार्थी उपस्थित रहे। कार्यक्रम का समापन राष्ट्रीय एकता, सद्भावना एवं सामाजिक समरसता के संकल्प के साथ हुआ।




