प्राकृतिक खेती कार्यशाला में जुटे सैकड़ों किसान, 490 किसानों ने लिया प्रशिक्षण और मार्गदर्शन,
विधायक श्याम बरड़े के नेतृत्व में आयोजित किसान सम्मेलन में प्राकृतिक खेती, किसान कल्याण और विकास योजनाओं पर हुआ संवाद

जनोदय पंच। पानसेमल के ग्राम पंचायत दौंदवाडां स्थित सावता माली मांगलिक कार्यालय में विधायक श्याम बरड़े के नेतृत्व में प्राकृतिक खेती कार्यशाला एवं किसान सम्मेलन आयोजित किया गया। कार्यक्रम में 490 किसानों का पंजीयन हुआ तथा प्राकृतिक खेती, किसान कल्याण योजनाओं और कृषि विकास के विभिन्न विषयों पर विशेषज्ञों ने मार्गदर्शन प्रदान किया।
देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व के 12 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में चलाए जा रहे विशेष जनसंपर्क अभियान के अंतर्गत आयोजित इस कार्यक्रम में किसानों को प्राकृतिक खेती अपनाने के लिए प्रेरित किया गया। कार्यक्रम में प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना की 23वीं किस्त के तहत देशभर के 9 करोड़ 44 लाख से अधिक किसानों के खातों में 1880 करोड़ रुपये से अधिक की राशि हस्तांतरित किए जाने पर किसानों ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रति आभार व्यक्त किया।

कृषि वैज्ञानिकों ने किया मार्गदर्शन
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में सांसद गजेन्द्र सिंह पटेल, राज्यसभा सांसद सुमेर सिंह सोलंकी, विधायक श्याम बरड़े, कलेक्टर जयति सिंह, कृषि वैज्ञानिक डॉ. मंजुला पाटिल एवं निखिल पाटिल उपस्थित रहे। सर्वप्रथम कृषि विभाग के उपसंचालक सी. वास्केल ने स्वागत उद्बोधन दिया। इसके बाद डॉ. मंजुला पाटिल ने प्राकृतिक खेती, जैविक खाद, भूमि संरक्षण और कृषि की आधुनिक तकनीकों पर विस्तृत जानकारी देते हुए किसानों को प्राकृतिक खेती अपनाने के लिए प्रेरित किया।

किसानों के हित में किए जा रहे कार्यों की जानकारी
विधायक श्याम बरड़े ने अपने संबोधन में कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में किसानों के कल्याण के लिए विभिन्न योजनाएं संचालित की जा रही हैं। किसान सम्मान निधि, शून्य प्रतिशत ब्याज पर ऋण, सिंचाई सुविधाएं, कृषि यंत्र सहायता तथा अन्य जनकल्याणकारी योजनाओं के माध्यम से किसानों को सशक्त बनाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि भारतीय जनता पार्टी की सरकार ने गांव, गरीब और किसान को विकास की मुख्यधारा में लाकर खड़ा किया है तथा कृषि को लाभ का व्यवसाय बनाने की दिशा में निरंतर प्रयास किए जा रहे हैं।

प्राकृतिक खेती अपनाने का किया आह्वान
विधायक बरड़े ने किसानों से प्राकृतिक खेती को अपनाने की अपील करते हुए कहा कि यह भारतीय एवं सनातन कृषि परंपरा का महत्वपूर्ण हिस्सा है। उन्होंने कहा कि रासायनिक उर्वरकों के अत्यधिक उपयोग से भूमि की उर्वरता प्रभावित होती है, जबकि प्राकृतिक खेती लागत कम करने के साथ धरती माता के संरक्षण में भी सहायक है। उन्होंने जल संरक्षण और प्राकृतिक खेती को जनआंदोलन बनाने की आवश्यकता पर बल दिया।

उन्नत किसानों का सम्मान, प्रदर्शनी का भी आयोजन
कार्यक्रम में लगभग 490 किसानों का पंजीयन किया गया तथा क्षेत्र के उन्नत एवं प्रगतिशील किसानों को सम्मानित किया गया। किसानों ने वर्मी कम्पोस्ट इकाइयों के विस्तार और प्राकृतिक खेती के लिए आवश्यक संसाधनों की उपलब्धता बढ़ाने की मांग रखी। कृषि विभाग द्वारा प्राकृतिक खेती एवं जैविक कृषि पर आधारित विशेष प्रदर्शनी भी लगाई गई, जिसका किसानों ने अवलोकन किया। कार्यक्रम का समापन विभिन्न उद्घोषों के साथ हुआ।



