सेंधवा में वनवासी राम आश्रम के विकास को मिली नई गति, अजजा आयोग अध्यक्ष आर्य की पहल से शिक्षा सुविधाएं होंगी सशक्त
जनजाति विद्यार्थियों के लिए नए भवन, बाउंड्रीवाल और फर्नीचर निर्माण को मिली स्वीकृति, 100 से अधिक विद्यार्थियों को होगा लाभ

जनोदय पंच। बड़वानी जिले के सेंधवा स्थित वनवासी राम आश्रम में जनजाति विद्यार्थियों की शिक्षा और आवासीय सुविधाओं के विस्तार की दिशा में महत्वपूर्ण पहल की गई है। राष्ट्रीय अनुसूचित जनजाति आयोग के अध्यक्ष अंतर सिंह आर्य के विशेष प्रयासों से आश्रम में नवीन भवन, बाउंड्रीवाल और फर्नीचर निर्माण के लिए CSR फंड से राशि स्वीकृत हुई है, जिससे 100 से अधिक विद्यार्थियों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध होंगी।
सेंधवा स्थित वनवासी राम आश्रम जनजाति समाज की शिक्षा एवं संस्कार की एक महत्वपूर्ण धरोहर माना जाता है। नीमाड़ के गांधी के नाम से विख्यात पूर्व सांसद स्वर्गीय रामचंद्र विठ्ठल बड़े साहब ने जनजाति समाज के उत्थान और शिक्षा के प्रसार के लिए अपना संपूर्ण जीवन समर्पित किया था। उन्होंने आश्रम के लिए पांच एकड़ से अधिक भूमि उपलब्ध कराई तथा इसके विकास के लिए निरंतर प्रयास किए।

अटल बिहारी वाजपेयी ने भी दिया था सहयोग
पूर्व प्रधानमंत्री भारत रत्न अटल बिहारी वाजपेयी जब तत्कालीन जनता दल सरकार में विदेश मंत्री के रूप में सेंधवा प्रवास पर आए थे, तब उन्होंने अपनी निधि से एक लाख रुपये की राशि स्वर्गीय रामचंद्र विठ्ठल बड़े साहब को प्रदान की थी। बड़े साहब ने यह पूरी राशि जनजाति विद्यार्थियों की शिक्षा और वनवासी राम आश्रम के विकास के लिए समर्पित कर दी थी। यह उनके त्याग, समर्पण और जनजाति समाज के प्रति प्रतिबद्धता का उदाहरण माना जाता है।
अंतर सिंह आर्य की पहल से विकास कार्यों को मिली स्वीकृति
राष्ट्रीय अनुसूचित जनजाति आयोग के अध्यक्ष अंतर सिंह आर्य ने विशेष प्रयास कर वनवासी राम आश्रम के नवीन भवन, बाउंड्रीवाल एवं फर्नीचर निर्माण के लिए जवाहरलाल नेहरू पोर्ट ट्रस्ट, नवी मुंबई के CSR फंड से राशि स्वीकृत कराई है। यह पहल जनजाति समाज के 100 से अधिक विद्यार्थियों को बेहतर शैक्षणिक सुविधाएं, सुरक्षित वातावरण और गुणवत्तापूर्ण आवासीय व्यवस्था उपलब्ध कराने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम साबित होगी।
विकास आर्य ने किया निर्माण कार्यों का निरीक्षण
भाजपा नेता विकास आर्य ने वनवासी राम आश्रम पहुंचकर प्रस्तावित निर्माण कार्यों का जमीनी स्तर पर निरीक्षण किया तथा ठेकेदार द्वारा किए जाने वाले कार्यों का अवलोकन किया। उन्होंने कहा कि जनजाति समाज के सर्वांगीण विकास और विद्यार्थियों के उज्ज्वल भविष्य के लिए ऐसे प्रयास आगे भी निरंतर जारी रहेंगे। निरीक्षण के दौरान सेंधवा नगर मंडल अध्यक्ष राहुल पवार, ग्रामीण मंडल अध्यक्ष हुकुम पवार, धनोर मंडल अध्यक्ष शोभाराम तरोले, भाजपा के वरिष्ठ नेता तथा क्षेत्र एवं नगर के गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।
कई जनप्रतिनिधियों का रहा उल्लेखनीय योगदान
वनवासी राम आश्रम के विकास और जनजाति विद्यार्थियों के हित में समय-समय पर अनेक जनप्रतिनिधियों और समाजसेवियों ने योगदान दिया है। इनमें पूर्व राज्यपाल एवं पूर्व सांसद कप्तान सिंह सोलंकी, वरिष्ठ भाजपा नेता स्वर्गीय प्यारेलाल खंडेलवाल, राष्ट्रीय अनुसूचित जनजाति आयोग के अध्यक्ष अंतर सिंह आर्य तथा सांसद गजेंद्र पटेल का योगदान उल्लेखनीय रहा है। जनजाति समाज के उत्थान, शिक्षा और सामाजिक विकास के लिए स्वर्गीय रामचंद्र विठ्ठल बड़े साहब द्वारा देखे गए सपनों को विभिन्न जनप्रतिनिधियों के सहयोग से नई दिशा मिल रही है।



