चाचरिया में विद्यार्थियों की सुरक्षा को लेकर 200 से अधिक युवाओं ने उठाई आवाज, पेट्रोल पंप की जांच की मांग
विद्यालय के सामने संचालित पेट्रोल पंप की नियमानुसार जांच कराने और विद्यार्थियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने प्रशासन को सौंपा ज्ञापन

जनोदय पंच। चाचरिया क्षेत्र में विद्यार्थियों की सुरक्षा और सुरक्षित शैक्षणिक वातावरण को लेकर 200 से अधिक युवाओं ने प्रशासन के समक्ष आवाज उठाई। युवाओं ने चाचरिया चौकी पहुंचकर सुशीला लक्ष्मण फ्यूल नायरा पेट्रोल पंप की नियमानुसार जांच कराने, अनियमितता मिलने पर कार्रवाई करने और विद्यार्थियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की।
विद्यालय के सामने पेट्रोल पंप को लेकर उठाए सवाल
युवाओं ने ज्ञापन में बताया कि चाचरिया में संचालित हायर सेकेंडरी स्कूल एवं प्राइमरी स्कूल परिसर के सामने उक्त पेट्रोल पंप संचालित हो रहा है। विद्यालय में 1200 से अधिक छात्र-छात्राएं अलग-अलग क्षेत्रों से आकर शिक्षा प्राप्त करते हैं। युवाओं ने विद्यार्थियों, विशेषकर छात्राओं की सुरक्षा को लेकर प्रशासन से आवश्यक कदम उठाने की मांग की।

नियमानुसार जांच और कार्रवाई की मांग
युवाओं की प्रमुख मांग है कि सुशीला लक्ष्मण फ्यूल नायरा पेट्रोल पंप की जल्द से जल्द नियमानुसार जांच कराई जाए। युवाओं ने कहा कि जांच के दौरान यदि किसी प्रकार की अनियमितता सामने आती है तो संबंधित नियमों के तहत कठोर कार्रवाई की जाए। इसके साथ ही विद्यालय आने-जाने वाले विद्यार्थियों एवं छात्राओं की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए आवश्यक सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करने की मांग की गई।

व्यक्तिगत विवाद नहीं, विद्यार्थियों के हित का मामला बताया
ज्ञापन देने पहुंचे युवाओं ने स्पष्ट किया कि उनका यह ज्ञापन किसी व्यक्ति विशेष के विरोध या व्यक्तिगत विवाद से संबंधित नहीं है। युवाओं के अनुसार, यह कदम विद्यार्थियों के हित, सुरक्षित शिक्षा के वातावरण और छात्राओं की सुरक्षा को लेकर उठाया गया है। उन्होंने प्रशासन से निष्पक्ष जांच कर तथ्यों के आधार पर उचित कार्रवाई करने की मांग की।
आसपास के गांवों से बड़ी संख्या में पहुंचे युवा
ज्ञापन के दौरान चाचरिया क्षेत्र के सुरानी, कड़वाज़ीरा, कड़ाईपानी, कामोद, भामपुरा, रामगड़ी, हिंदली, रामकोला, शिवन्या एवं खुर्माबाद सहित आसपास के विभिन्न गांवों से बड़ी संख्या में युवा उपस्थित रहे। युवाओं ने कहा कि विद्यार्थियों की सुरक्षा समाज की सामूहिक जिम्मेदारी है और इसी जिम्मेदारी को निभाते हुए उन्होंने प्रशासन के समक्ष अपनी मांग रखी है।



