बड़वानी में ख्वाजा सूफी हारून मियां का छह माही उर्स अकीदत के साथ संपन्न, अमन-खुशहाली की मांगी दुआ
तीन दिवसीय धार्मिक आयोजन में कुरानख्वानी, चादरपोशी, कव्वाली, महफिल-ए-रंग और फातिहा का हुआ आयोजन, बड़ी संख्या में अकीदतमंदों ने की शिरकत।

बड़वानी शहर के पानवाड़ी मोहल्ले में ख्वाजा सूफी हारून मियां का छह माही उर्स अकीदत और श्रद्धा के साथ मनाया गया। तीन दिवसीय धार्मिक आयोजन में बड़ी संख्या में अकीदतमंद शामिल हुए और फातिहा के साथ मुल्क में अमन, खुशहाली और तरक्की की दुआएं की गईं
सूफी समीर शेख के निवास पर आयोजित इस छह माही उर्स का आयोजन सज्जादानशीन सूफी गुफरान मियां की सरपरस्ती में किया गया। पहले दिन मगरिब की नमाज के बाद कुरानख्वानी, हल्का-ए-जिक्र और लंगर-ए-आम का आयोजन हुआ, जिसमें बड़ी संख्या में लोगों ने शिरकत की
दूसरे दिन चादरपोशी और महफिल-ए-शमा का आयोजन किया गया। इस अवसर पर बुरहानपुर से आए कव्वाल सादिक नगामी ने सूफियाना कलाम पेश किए, जिनका अकीदतमंदों ने देर रात तक आनंद लिया और पूरे माहौल में रूहानी रंग देखने को मिला

तीसरे दिन महफिल-ए-रंग, फातिहा और विशेष दुआ का आयोजन हुआ। इस दौरान बड़वानी शहर, देश में अमन, भाईचारे, खुशहाली और तरक्की के लिए दुआएं मांगी गईं। आयोजकों ने बताया कि सूफी हारून मियां पिछले करीब 24 वर्षों से बड़वानी आते रहे। 17 जनवरी 2024 को उनका विसाल हुआ, जिसके बाद उन्हें उत्तर प्रदेश के सीतापुर जिले के बीसवां में सुपुर्द-ए-खाक किया गया। उनका छह माही उर्स हर वर्ष बड़वानी में जबकि सालाना उर्स बीसवां (सीतापुर) में आयोजित किया जाता है




