भोपाल: मुख्यमंत्री से चर्चा के बाद बस ऑपरेटरों ने वापस लिया हड़ताल का ऐलान, मध्य प्रदेश में बसें सामान्य रूप से चलेंगी
परिवहन विभाग के विवादित राजपत्र फिलहाल स्थगित, यात्रियों को मिली राहत

जनोदय पंच। 2 मार्च को प्रस्तावित बस हड़ताल मुख्यमंत्री के साथ बैठक के बाद समाप्त कर दी गई। मध्य प्रदेश बस ऑनर एसोसिएशन ने विवादित राजपत्रों को होल्ड करने के निर्णय के बाद हड़ताल वापस ली। प्रदेश में बस संचालन सामान्य रहेगा। होली के मद्देनजर यात्रियों को राहत मिली है।
बैठक के बाद हड़ताल समाप्त
2 मार्च को प्रस्तावित बस हड़ताल अब नहीं होगी। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के साथ हुई बैठक के बाद बस ऑपरेटरों ने हड़ताल समाप्त करने की घोषणा की। मध्य प्रदेश बस ऑनर एसोसिएशन के महामंत्री जय कुमार जैन ने बताया कि बैठक में यह तय किया गया कि परिवहन विभाग से जुड़े दोनों विवादित राजपत्रों को फिलहाल सस्पेंड करते हुए होल्ड पर रखा जाएगा। सरकार के इस निर्णय के बाद 2 मार्च की हड़ताल समाप्त की जाती है।
बस संचालन यथावत रहेगा
एसोसिएशन ने स्पष्ट किया कि मध्य प्रदेश में यात्री बसों का संचालन बिना किसी परिवर्तन के सामान्य रूप से जारी रहेगा। यात्रियों को किसी प्रकार की परेशानी नहीं होगी। होली के चलते ट्रेनों में पहले से लंबी वेटिंग की स्थिति बनी हुई है। ऐसे में बस हड़ताल टलने से यात्रियों को राहत मिली है।
समत्व भवन में हुई चर्चा
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने मुख्यमंत्री निवास स्थित समत्व भवन में मध्यप्रदेश बस ऑनर्स एसोसिएशन के प्रतिनिधियों से चर्चा करते हुए कहा कि प्रदेश के हर ग्रामीण अंचल तक यात्रियों को सुगम आवागमन की सुविधा मिले, इसके लिए आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं। सबके हितों की रक्षा हो और लोक परिवहन सेवा निर्बाध रूप से चलती रहे, यही ध्येय है।
उन्होंने कहा कि यात्रियों, विशेषकर ग्रामीण अंचल के लोगों को सुगम परिवहन सेवा देना उद्देश्य है, पर इस प्रक्रिया में किसी का नुकसान नहीं होने दिया जाएगा। बस ऑपरेटर्स की सभी शंकाओं और कठिनाइयों का समाधान मिल-बैठकर निकाला जाएगा। ऑनर्स के पदाधिकारी परिवहन मंत्री से मिलकर अपनी समस्याओं का समाधान कराएंगे। मुख्यमंत्री ने परिवहन मंत्री को आवश्यक निर्देश देने की बात कही। दोनों पक्षों की चर्चा और समाधान के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी। शासन द्वारा जारी एक सूचना एवं एक अधिसूचना को होल्ड करने के निर्देश दिए गए।
बैठक में सचिव परिवहन मनीष सिंह, बस ऑनर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष, उपाध्यक्ष, अन्य पदाधिकारी एवं प्रदेश के दस संभागों से आए बस ऑनर्स उपस्थित रहे।
राष्ट्रीयकरण और परमिट नीति पर था विवाद
बस ऑपरेटरों ने परिवहन विभाग की नीतियों, विशेषकर मार्गों के राष्ट्रीयकरण और परमिट व्यवस्था को लेकर आपत्ति जताई थी। इसी के विरोध में हड़ताल का ऐलान किया गया था। अब विवादित राजपत्र होल्ड किए जाने के बाद स्थिति सामान्य हो गई है।



