सेंधवा: 70 श्रद्धालुओं का जत्था सप्तश्रृंगी माता के लिए रवाना, 23 वर्षों से जारी परंपरा, श्रद्धालु पैदल पहुंचेगे सप्तश्रृंगीगढ़
चैत्र नवरात्रि पर पूजा-अर्चना के बाद नगर भ्रमण, 6 दिनों में पूरी होगी यात्रा

जनोदय पंच। सेंधवा से चैत्र नवरात्रि पर 70 श्रद्धालुओं का जत्था सप्तश्रृंगी माता के दर्शन के लिए रवाना हुआ। यात्रा से पहले मंदिरों में पूजा-अर्चना की गई। भजन-कीर्तन के साथ नगर भ्रमण करते हुए पदयात्री 6 दिनों में यात्रा पूरी कर गंतव्य पहुंचेंगे।
पूजा-अर्चना के बाद यात्रा का शुभारंभ
सेंधवा। चैत्र नवरात्रि के अवसर पर सेंधवा से 70 श्रद्धालुओं का एक जत्था महाराष्ट्र स्थित सप्तश्रृंगी माता के दर्शन के लिए रवाना हुआ। यात्रा शुरू करने से पहले पदयात्रियों ने शहर के सात माता मंदिर और मोती माता मंदिर में विधिवत पूजा-अर्चना की।
पूजा के बाद पदयात्री भजन-कीर्तन करते हुए नगर भ्रमण पर निकले। डीजे और ढोल-ताशों के साथ निकली इस पदयात्रा का शहर में जगह-जगह समाजसेवी संगठनों ने पुष्पवर्षा कर स्वागत किया। श्रद्धालु भक्ति गीतों पर झूमते-गाते हुए उत्साहपूर्वक आगे बढ़ते रहे।
23 वर्षों से जारी है परंपरा
पदयात्रा से जुड़े संगठन के सदस्य जीतू चौधरी ने बताया कि यह परंपरा उनके पिता के मार्गदर्शन में पिछले 23 वर्षों से लगातार जारी है। हर वर्ष चैत्र नवरात्रि के दौरान श्रद्धालु पैदल यात्रा कर सप्तश्रृंगीगढ़ पहुंचते हैं। इस वर्ष की पदयात्रा 6 दिनों में पूरी होगी।
पहला पड़ाव मां बड़ी दर्शन मंदिर
यात्रा का पहला पड़ाव मध्यप्रदेश-महाराष्ट्र सीमा पर स्थित मां बड़ी दर्शन मंदिर होगा, जहां श्रद्धालु विश्राम करेंगे। इसके बाद यात्रा महाराष्ट्र के विभिन्न शहरों से होते हुए सप्तश्रृंगीगढ़ पहुंचेगी। माता के दर्शन के बाद श्रद्धालु क्षेत्र में सुख, समृद्धि और खुशहाली की कामना करेंगे।




