डीजल और खाद वितरण की समस्याओं पर किसान कांग्रेस का ज्ञापन, त्वरित सुधार की मांग
किसानों को डीजल उपलब्ध कराने और ई-टोकन व्यवस्था सरल बनाने को लेकर प्रशासन से हस्तक्षेप की मांग

जनोदय पंच। किसानों को डीजल वितरण में आ रही दिक्कतों और खाद वितरण की ई-टोकन व्यवस्था से जुड़ी समस्याओं को लेकर जिला किसान कांग्रेस ने गुरूवार को अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) सेंधवा को ज्ञापन सौंपा। संगठन ने डीजल उपलब्धता, खाद वितरण व्यवस्था में सुधार तथा किसानों की समस्याओं के शीघ्र निराकरण की मांग की है।
किसानों की समस्याओं को लेकर सौंपा ज्ञापन
अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व), अनुविभागीय कार्यालय सेंधवा को किसान कांग्रेस जिला बड़वानी की ओर से ज्ञापन सौंपकर किसानों की विभिन्न समस्याओं की ओर ध्यान आकर्षित किया गया। ज्ञापन में बताया गया कि जिले के ग्रामीण क्षेत्रों के किसान वर्तमान समय में अनेक कठिनाइयों का सामना कर रहे हैं, जिससे कृषि कार्य प्रभावित हो रहे हैं।

डीजल वितरण व्यवस्था पर जताई आपत्ति
ज्ञापन में उल्लेख किया गया कि क्षेत्र के किसानों को पेट्रोल पंपों पर केन अथवा ड्रम में डीजल नहीं दिया जा रहा है तथा ट्रैक्टर लेकर आने की अनिवार्यता लागू की जा रही है। इससे किसानों को अतिरिक्त आर्थिक भार और समय की परेशानी उठानी पड़ रही है। दूरस्थ क्षेत्रों में रहने वाले किसानों के लिए प्रत्येक बार ट्रैक्टर लेकर पेट्रोल पंप पहुंचना व्यावहारिक रूप से कठिन बताया गया है, जिससे कृषि कार्य प्रभावित हो रहे हैं।
खाद वितरण की ई-टोकन व्यवस्था में सुधार की मांग
किसान कांग्रेस ने ज्ञापन में कहा कि खाद वितरण में लागू ई-टोकन व्यवस्था के कारण किसानों को सर्वर संबंधी समस्याओं, टोकन प्राप्त करने में विलंब तथा खाद प्राप्ति के लिए बार-बार चक्कर लगाने जैसी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। संगठन के अनुसार वर्तमान व्यवस्था कई स्थानों पर किसानों के लिए सुविधा के बजाय समस्या का कारण बन रही है।
पांच प्रमुख मांगें प्रशासन के समक्ष रखीं
किसान कांग्रेस जिला अध्यक्ष सिलदार सोलंकी ने ज्ञापन के माध्यम से मांग की कि किसानों को वैध पहचान और कृषि उपयोग के आधार पर केन अथवा ड्रम में डीजल उपलब्ध कराया जाए। डीजल वितरण से जुड़े अनावश्यक प्रतिबंध समाप्त किए जाएं। खाद वितरण की ई-टोकन व्यवस्था में आवश्यक सुधार कर इसे सरल और सुगम बनाया जाए। किसानों को समय पर खाद उपलब्ध कराने के लिए पर्याप्त भंडारण सुनिश्चित किया जाए तथा किसानों की समस्याओं के त्वरित निराकरण के लिए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक निर्देश जारी किए जाएं। ज्ञापन में मांगों पर शीघ्र कार्रवाई कर किसानों को राहत प्रदान करने का अनुरोध किया गया है।



