खरगोन-बड़वानीमुख्य खबरे

बड़वानी जिला पंचायत की साधारण सभा में हंगामा, अध्यक्ष ने CEO काजल जावला पर 10 आरोप लगाकर सौंपा आरोप-पत्र

  अध्यक्ष बलवंत सिंह पटेल ने सात दिन में जवाब मांगा, CEO काजल जावला ने सभी आरोपों को बताया बेबुनियाद।

जनोदय पंच। बड़वानी जिला पंचायत की साधारण सभा की बैठक में बुधवार को मुख्य कार्यपालन अधिकारी काजल जावला पर 10 आरोपों का आरोप-पत्र प्रस्तुत किया गया। जिला पंचायत अध्यक्ष बलवंत सिंह पटेल ने सात दिन में जवाब मांगा, जबकि CEO ने सभी आरोपों को निराधार बताते हुए नियमों के अनुरूप कार्य होने की बात कही।

जिला पंचायत कार्यालय में बुधवार को आयोजित साधारण सभा की बैठक के दौरान जोरदार हंगामा हुआ। भाजपा जिला पंचायत अध्यक्ष बलवंत सिंह पटेल ने मुख्य कार्यपालन अधिकारी (CEO) काजल जावला पर गंभीर अनियमितताओं के 10 आरोप लगाते हुए आरोप-पत्र प्रस्तुत किया। बैठक के दौरान कांग्रेस विधायक मोंटू सोलंकी सहित अन्य सदस्यों ने भी नारेबाजी की।

नियमों के उल्लंघन के लगाए आरोप

जिला पंचायत अध्यक्ष बलवंत सिंह पटेल ने आरोप लगाया कि मुख्य कार्यपालन अधिकारी काजल जावला ने मध्य प्रदेश पंचायत राज अधिनियम, 1993 तथा जिला पंचायत कार्य नियम, 1998 के प्रावधानों का लगातार उल्लंघन किया है, जिससे चुनी हुई परिषद के अधिकार प्रभावित हुए हैं। आरोप-पत्र में बिना अनुमति जिला पंचायत का बैंक खाता बदलने, आर.ई.एस. (RES) एवं मनरेगा के सब-इंजीनियरों के क्लस्टर बदलकर कलेक्टर को गुमराह करने तथा कर्मचारियों की गोपनीय चरित्रावली (CR) अध्यक्ष के समक्ष प्रस्तुत नहीं करने जैसे आरोप शामिल किए गए हैं।

आय-व्यय, योजनाओं और तबादलों को लेकर भी सवाल

आरोप-पत्र में यह भी उल्लेख किया गया है कि धारा 73 के तहत वार्षिक प्रशासनिक प्रतिवेदन, अंतिम हिसाब-किताब तथा तीन माह का आय-व्यय विवरण स्थायी समिति के समक्ष प्रस्तुत नहीं किया गया। इसके अलावा प्रहलाद पटेल के निर्देशों के बावजूद सचिवों एवं रोजगार सहायकों के तबादलों में अध्यक्ष की मंजूरी नहीं लेने तथा स्वच्छ भारत मिशन, प्रधानमंत्री आवास योजना (PMAY), राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन (NRLM) और मिड-डे मील जैसी योजनाओं को समिति की अनुमति के बिना लागू करने के आरोप भी लगाए गए हैं।

आरोप-पत्र के माध्यम से मुख्य कार्यपालन अधिकारी को सात दिनों के भीतर लिखित जवाब प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए हैं। उल्लेख किया गया है कि संतोषजनक जवाब प्राप्त नहीं होने पर राज्य सरकार को कार्रवाई के लिए सिफारिश भेजी जाएगी।

CEO ने सभी आरोपों को बताया निराधार

मुख्य कार्यपालन अधिकारी काजल जावला ने आरोपों पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि लगाए गए सभी आरोप पूरी तरह बेबुनियाद हैं। उनका कहना है कि जिला पंचायत के सभी कार्य नियमों के अनुरूप किए गए हैं।

 

Show More

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button
error: Content is protected !!