सेंधवा में अनुसूचित क्षेत्र के शिक्षकों ने TET अनिवार्यता हटाने की मांग, NCST अध्यक्ष अंतरसिंह आर्य को ज्ञापन सौंपा
विषम परिस्थितियों में कार्यरत शिक्षकों ने सेवा समाप्ति के खतरे को बताया गंभीर, ट्राइबल क्षेत्रों में शिक्षा व्यवस्था प्रभावित होने की आशंका जताई

जनोदय पंच | सेंधवा। सेंधवा में अनुसूचित क्षेत्रों के शिक्षकों ने TET अनिवार्यता में छूट की मांग को लेकर NCST अध्यक्ष अंतरसिंह आर्य को ज्ञापन सौंपा। शिक्षकों ने विषम परिस्थितियों और शिक्षक कमी का हवाला देते हुए सेवा सुरक्षा और नियमों में शिथिलता की मांग रखी।
मध्य प्रदेश के अनुसूचित (ट्राइबल) क्षेत्रों में कार्यरत शिक्षकों ने शिक्षक पात्रता परीक्षा (TET) की अनिवार्यता में छूट की मांग की है। शुक्रवार को सेंधवा ब्लॉक के अध्यापक शिक्षक संयुक्त मोर्चा संघ के बैनर तले शिक्षक राष्ट्रीय अनुसूचित जनजाति आयोग (NCST) के अध्यक्ष अंतरसिंह आर्य के हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी स्थित निवास पर पहुंचे और उन्हें ज्ञापन सौंपा।
शिक्षकों का कहना है कि वे लंबे समय से विषम भौगोलिक परिस्थितियों, संसाधनों की कमी और दूरस्थ क्षेत्रों में शिक्षा व्यवस्था संभाल रहे हैं। ऐसे में TET को सख्ती से लागू करने से हजारों शिक्षकों की सेवा समाप्ति का संकट उत्पन्न हो सकता है।
संवैधानिक प्रावधानों का उल्लेख
ज्ञापन में बताया गया कि भारतीय संविधान के अनुच्छेद 21A के तहत बच्चों को निःशुल्क और अनिवार्य शिक्षा का अधिकार प्राप्त है। यदि वर्तमान शिक्षकों को सेवा से हटाया जाता है, तो स्कूलों में शिक्षकों की भारी कमी हो जाएगी। शिक्षकों ने अनुच्छेद 275(1) और पांचवीं अनुसूची का हवाला देते हुए विशेष प्रावधानों के तहत नियमों में शिथिलता की मांग की।

स्थानीय शिक्षकों की भूमिका महत्वपूर्ण
शिक्षकों ने बताया कि ट्राइबल क्षेत्रों में पहले से ही शिक्षकों की कमी है और बाहरी शिक्षक लंबे समय तक यहां कार्य नहीं कर पाते। स्थानीय शिक्षक ही शिक्षा व्यवस्था की रीढ़ हैं। उन्हें हटाने से कई स्कूलों में पढ़ाई पूरी तरह प्रभावित हो सकती है और परिवारों की आजीविका पर असर पड़ेगा।

छूट और समय सीमा की मांग
शिक्षकों ने शासन से मांग की है कि ट्राइबल क्षेत्रों में कार्यरत शिक्षकों को TET से पूर्ण छूट दी जाए या शिथिलता प्रदान की जाए। साथ ही सेवा में रहते हुए TET पास करने के लिए 3 से 5 वर्ष का समय दिया जाए और तब तक किसी भी शिक्षक को सेवा से न हटाया जाए।

ज्ञापन सौंपते समय अध्यापक शिक्षक संयुक्त मोर्चा के ब्लॉक अध्यक्ष मुकेश मालवीया, दिनेश सैनी, नवीन नामदेव, ओंकार सागरे, बृजमोहन गर्ग, अमजद खान, रमेश मेहता, मनीष तिवारी, संतोष यादव और बबली जोशी सहित बड़ी संख्या में शिक्षक मौजूद रहे।




