सेंधवा में राष्ट्रीय संत गोपाल कृष्ण महाराज ने श्रीमद्भागवत कथा में भारत भूमि के गौरव का किया वर्णन
रथ यात्रा के कारण कथा का समय बदला, महिला मंडल ने अधिकाधिक श्रद्धालुओं से धर्मलाभ लेने की अपील की

जनोदय पंच। सेंधवा में महिला मंडल द्वारा आयोजित संगीतमय श्रीमद्भागवत कथा के दूसरे दिन राष्ट्रीय संत गोपाल कृष्ण महाराज ने भारत भूमि की महिमा का वर्णन किया। कथा में बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल हुए। रथ यात्रा के कारण अगले दिन कथा का समय दोपहर 12:30 से शाम 4 बजे तक निर्धारित किया गया।
भारत भूमि की महिमा का वर्णन
सेंधवा में महिला मंडल द्वारा आयोजित संगीतमय श्रीमद्भागवत कथा के दूसरे दिन शक्करखेड़ी, उज्जैन से पधारे राष्ट्रीय संत गोपाल कृष्ण महाराज ने अपने प्रवचन में भारत भूमि के महत्व का वर्णन किया। उन्होंने कहा कि ईश्वर की विशेष कृपा है कि मनुष्य जन्म मिलने के साथ भारत जैसे दिव्य देश में जन्म प्राप्त हुआ। उन्होंने कहा कि यदि किसी अन्य देश में जन्म हुआ होता तो मां भगवती की पावन नगरी सेंधवा में कथा श्रवण का अवसर नहीं मिलता।

सनातन परंपरा और भारत की विशेषताओं पर प्रवचन
राष्ट्रीय संत गोपाल कृष्ण महाराज ने कहा कि भारत सभी देशों में श्रेष्ठ है तथा सनातन वैदिक हिंदू धर्म सभी धर्मों में श्रेष्ठ है। उन्होंने कहा कि भारत में तीन ऋतुएं हैं, यहां विविध प्रकार के फल, फूल और सब्जियां उपलब्ध हैं। चार धाम, 12 ज्योतिर्लिंग और 51 शक्तिपीठ भी इसी देश में स्थित हैं। उन्होंने कहा कि यह देवी-देवताओं द्वारा निर्मित देश है, जिसके चरणों में समुद्र और मस्तक पर हिमालय मुकुट के समान विराजमान है। उन्होंने सभी से भारत में जन्म लेने पर गर्व करने का आह्वान किया।

धार्मिक आयोजनों में सहभागिता का संदेश
प्रवचन के दौरान राष्ट्रीय संत गोपाल कृष्ण महाराज ने कहा कि लोग विवाह और अन्य आयोजनों में उत्साह से शामिल होते हैं, लेकिन धार्मिक कार्यक्रमों और भागवत कथा में आने के लिए अनेक बहाने बनाते हैं। उन्होंने कहा कि भगवान से जिनको अपेक्षा होती है, उन्हें भारत जैसे देश में जन्म मिलता है। उन्होंने उदाहरण देते हुए कहा कि जिस प्रकार किसी घर में आने वाले विशेष अतिथि का विशेष सम्मान किया जाता है, उसी प्रकार भारत में जन्म भी ईश्वर की विशेष कृपा का प्रतीक है। प्रवचन के दौरान उन्होंने नगर पालिका अध्यक्ष बसंतीबाई यादव का भी उल्लेख किया।
श्रद्धालुओं से धर्मलाभ लेने की अपील
महिला मंडल द्वारा आयोजित कथा में बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंच रहे हैं। समिति की महिलाओं ने सेंधवा शहरवासियों से अधिक से अधिक संख्या में उपस्थित होकर धर्मलाभ लेने का आग्रह किया। पहले दिन प्रसाद वितरण मातृशक्ति महिला मंडल द्वारा किया गया, जबकि दूसरे दिन का प्रसाद वितरण गुप्त दान के माध्यम से किया गया। रथ यात्रा के कारण अगले दिन श्रीमद्भागवत कथा का आयोजन किले अंदर मंडी शेड में दोपहर 12:30 बजे से शाम 4 बजे तक होगा।




