खरगोन सहकारी बैंक में लाखों का गबन, कैशियर गायब और अब शाखा प्रबंधक तक कार्रवाई की आंच
41.58 लाख रुपए गबन मामले में कैशियर, सहायक गणक और शाखा प्रबंधक निलंबित, तीनों कर्मचारियों के खाते सीज

जनोदय पंच। खरगोन जिला सहकारी केंद्रीय बैंक की ठिबगांव शाखा में 41 लाख 58 हजार 95 रुपए के गबन मामले ने बैंकिंग व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। कैशियर रितु गोयल और सहायक गणक त्र्यंबक वाणी के बाद अब शाखा प्रबंधक राजेश राठौड़ को भी निलंबित कर दिया गया है। तीनों कर्मचारियों के बैंक खाते सीज किए गए हैं।
कैशियर गायब हुई तो खुला लाखों के गबन का मामला
खरगोन जिला सहकारी केंद्रीय बैंक की ठिबगांव शाखा में गबन का मामला 25 मई को दोपहर करीब 2:30 बजे सामने आया। बताया गया कि कैशियर रितु गोयल अचानक बैंक से गायब हो गईं। काफी देर तक वापस नहीं लौटने पर कर्मचारियों ने उनसे संपर्क करने का प्रयास किया, लेकिन उनके दोनों मोबाइल बंद मिले। इसके बाद शाखा प्रबंधक राजेश राठौड़ ने मुख्यालय को सूचना दी।
सीईओ के निर्देश पर ठिबगांव बैंक प्रबंधन ने पंचनामा तैयार कर 26 मई को जैतापुर पुलिस को मामले की जानकारी दी। शुरुआती जांच में 41 लाख 58 हजार 95 रुपए के गबन का मामला सामने आने के बाद बैंक प्रबंधन में हड़कंप मच गया।
एक-एक कर कार्रवाई की जद में आए कर्मचारी
प्रभारी मुख्य कार्यपालन अधिकारी संध्या रोकड़े ने पहले कैशियर रितु गोयल और सहायक गणक त्र्यंबक वाणी को निलंबित किया। इसके बाद 27 मई से जिला मुख्यालय से गठित वरिष्ठ बैंक अधिकारियों की टीम ने शाखा में नगद मिलान और अभिलेखों का भौतिक सत्यापन शुरू किया।
जांच के दौरान शाखा स्तर पर नकद हस्तांतरण और संयुक्त निरीक्षण संबंधी प्रक्रियाओं के पालन में लापरवाही सामने आने पर शाखा प्रबंधक राजेश राठौड़ को भी निलंबित कर दिया गया। साथ ही तीनों कर्मचारियों के बैंक खाते सीज कर दिए गए हैं।
बैंक की मॉनिटरिंग व्यवस्था पर उठे सवाल
प्रभारी सीईओ संध्या रोकड़े ने बताया कि रितु गोयल का मोबाइल 25 मई से बंद है और मामले की जांच जारी है। उन्होंने कहा कि जिलास्तरीय टीम की रिपोर्ट के आधार पर दोषियों के खिलाफ वैधानिक कार्रवाई की जाएगी तथा गबन की राशि की वसूली भी सुनिश्चित की जाएगी।
लाखों रुपए के इस गबन ने बैंक की मॉनिटरिंग और आंतरिक निगरानी व्यवस्था पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। अब जांच रिपोर्ट पर सभी की नजरें टिकी हुई हैं।



