मंडलेश्वर में असिस्टेंट प्रोफेसर 50 हजार रिश्वत लेते गिरफ्तार, मनचाही पोस्टिंग के लिए मांगे थे 4 लाख
महिला सहायक प्राध्यापक की पोस्टिंग कराने के नाम पर वसूली का आरोप, पहले ही ले चुका था एक लाख रुपए

जनोदय पंच। मंडलेश्वर शासकीय महाविद्यालय में पदस्थ सहायक प्राध्यापक आत्माराम सोलंकी को इंदौर लोकायुक्त पुलिस ने 50 हजार रुपए रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। आरोपी पर महिला सहायक प्राध्यापक की मनचाही पोस्टिंग के लिए 4 लाख रुपए मांगने का आरोप है। कार्रवाई धामनोद बाईपास स्थित मधुबन ढाबे पर की गई।
पोस्टिंग के नाम पर मांगे गए लाखों रुपए
मंडलेश्वर शासकीय महाविद्यालय में पदस्थ सहायक प्राध्यापक आत्माराम सोलंकी के खिलाफ मनचाही पोस्टिंग कराने के नाम पर रिश्वत मांगने की शिकायत लोकायुक्त संगठन तक पहुंची थी। शिकायतकर्ता मनोज वास्केल ने लोकायुक्त एसपी राजेश सहाय को बताया कि आरोपी एक महिला सहायक प्राध्यापक की पोस्टिंग कराने के एवज में 4 लाख रुपए की मांग कर रहा था।
शिकायत में यह भी बताया गया कि आत्माराम सोलंकी दावा कर रहा था कि वह पहले भी ट्रांसफर कराने में मदद कर चुका है और लगातार पैसों के लिए दबाव बना रहा था। जांच के दौरान यह सामने आया कि आरोपी पहले ही एक लाख रुपए ले चुका था तथा शेष तीन लाख रुपए की मांग कर रहा था।
धामनोद बाईपास पर लोकायुक्त की कार्रवाई
शिकायत के सत्यापन के बाद लोकायुक्त टीम ने ट्रैप की योजना बनाई। तय योजना के अनुसार आरोपी ने 50 हजार रुपए की अगली किस्त लेने के लिए शिकायतकर्ता को धामनोद बाईपास स्थित मधुबन ढाबे पर बुलाया। जैसे ही आरोपी ने राशि ली, लोकायुक्त टीम ने उसे मौके पर ही पकड़ लिया।
कार्रवाई के बाद आरोपी को खलघाट रेस्ट हाउस ले जाया गया, जहां उसके खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया गया। कार्रवाई लोकायुक्त संगठन के वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देश पर की गई, जिसमें कई अधिकारी और कर्मचारी शामिल रहे।
रिश्वतखोरी पर लोकायुक्त की सख्ती
लोकायुक्त संगठन ने कार्रवाई के बाद आम लोगों से अपील की है कि यदि कोई अधिकारी या कर्मचारी रिश्वत की मांग करता है तो उसकी तत्काल शिकायत करें, ताकि ऐसे मामलों में सख्त कार्रवाई की जा सके।



