MP NEWS बस किराया बढ़ाने की मांग तेज, डीजल महंगा होने से यात्रियों पर बढ़ सकता है बोझ
बस संचालकों ने बढ़ती लागत और घाटे का हवाला देते हुए किराया संशोधन की जरूरत बताई।

प्रदेश में बस संचालन की बढ़ती लागत के बीच बस संचालकों ने किराया बढ़ाने की मांग की है। साधारण बसों का किराया 1.25 रुपये प्रति किलोमीटर से बढ़ाकर दो रुपये प्रति किलोमीटर करने का प्रस्ताव रखा गया है, जिस पर जल्द विचार किया जाएगा।
बस ऑपरेटरों ने रखा संशोधन का प्रस्ताव
प्रदेश में बस से यात्रा करने वाले लोगों को आने वाले समय में अधिक किराया देना पड़ सकता है। बस संचालकों ने किराए में करीब 60 प्रतिशत तक वृद्धि की मांग की है। उनका कहना है कि वर्तमान किराया संचालन खर्च के अनुरूप नहीं है। प्रस्ताव के अनुसार साधारण बसों का किराया 1.25 रुपये प्रति किलोमीटर से बढ़ाकर दो रुपये प्रति किलोमीटर किया जाना चाहिए।
लागत बढ़ने से प्रभावित हुआ संचालन
बस संचालकों के अनुसार वर्ष 2021 के बाद से किराए में कोई बदलाव नहीं किया गया है, जबकि डीजल, टायर, स्पेयर पार्ट्स और बीमा की लागत लगातार बढ़ी है। बीते एक महीने में डीजल की कीमतों में करीब 10 रुपये प्रति लीटर की वृद्धि हुई है। इसके कारण कई मार्गों पर बसों का संचालन आर्थिक रूप से चुनौतीपूर्ण हो गया है।
लाखों यात्रियों पर पड़ सकता है असर
प्राइम रूट बस आनर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष गोविंद शर्मा ने बताया कि किराया निर्धारण समिति की बैठक अगले सप्ताह होगी। इसमें परिवहन विभाग के प्रमुख सचिव, अन्य अधिकारी और बस ऑपरेटरों के प्रतिनिधि शामिल होंगे। प्रदेश में प्रतिदिन लगभग 32 हजार बसें संचालित होती हैं और करीब 16 लाख यात्री सफर करते हैं। इंदौर से रोजाना करीब 1200 बसें चलती हैं, जिनसे लगभग 50 हजार लोग यात्रा करते हैं। किराया बढ़ने का असर सीधे यात्रियों की जेब पर पड़ सकता है।



