पाटी में अवैध पटाखों के भंडारण पर पुलिस की कार्रवाई, दो आरोपी गिरफ्तार; 1.37 लाख की आतिशबाजी जब्त
दो अलग-अलग स्थानों पर दबिश देकर 513 कार्टन सहित 119 पैकेट पटाखे किए जब्त, विस्फोटक अधिनियम के तहत दर्ज किए प्रकरण

बड़वानी/पाटी। आगामी त्योहारों को देखते हुए अवैध रूप से विस्फोटक सामग्री के भंडारण और बिक्री पर रोक लगाने के लिए पाटी पुलिस ने कार्रवाई करते हुए दो अलग-अलग स्थानों से पटाखों का जखीरा जब्त किया है। पुलिस ने इस मामले में दो आरोपियों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से कुल 1 लाख 37 हजार 950 रुपये कीमत की आतिशबाजी जब्त की है।
दो स्थानों पर की कार्रवाई
पुलिस से प्राप्त जानकारी के अनुसार, 4 नवंबर 2026 को मुखबिर की सूचना पर पाटी पुलिस ने पहली कार्रवाई बोकराटा रोड स्थित सांई मंदिर के पास की। यहां से दीपक पिता रामगोपाल मालवीय (36), निवासी राम मंदिर के पास पाटी के कब्जे से 513 कार्टन अवैध पटाखे जब्त किए गए। इनकी अनुमानित कीमत 68 हजार 200 रुपये बताई गई है। इस मामले में अपराध क्रमांक 435/2026 दर्ज किया गया है।

कर्मचारी कॉलोनी से भी पटाखे जब्त
दूसरी कार्रवाई कर्मचारी कॉलोनी, एमपीईबी ग्रिड रोड पर की गई। यहां से नरेंद्र पिता देवचंद दावदे (46), निवासी कर्मचारी कॉलोनी पाटी के कब्जे से 11 कार्टनों में रखे 119 पैकेट पटाखे जब्त किए गए। जब्त सामग्री की कीमत करीब 69 हजार 750 रुपये बताई गई है। इस मामले में अपराध क्रमांक 436/2026 दर्ज किया गया है।
पुलिस ने दोनों मामलों में विस्फोटक अधिनियम 1884 की धारा 5, 9(ख), 1(ख) एवं भारतीय न्याय संहिता की धारा 223(ए) के तहत प्रकरण दर्ज किए हैं।
अधिकारियों के निर्देशन में हुई कार्रवाई
यह कार्रवाई प्रभारी पुलिस अधीक्षक बड़वानी विनोद कुमार सिंह के निर्देशन, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक धीरज बब्बर एवं अनुविभागीय अधिकारी (पुलिस) बड़वानी रोहित अलावा के मार्गदर्शन में थाना प्रभारी पाटी उनि. रामदास यादव के नेतृत्व में की गई।
पुलिस ने आमजन से अपील की है कि बिना वैध लाइसेंस के विस्फोटक पदार्थों (पटाखों) का भंडारण या विक्रय न करें। नियमों और सुरक्षा मानकों का उल्लंघन करने वालों के विरुद्ध वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस टीम की रही महत्वपूर्ण भूमिका
कार्रवाई में थाना प्रभारी उनि. रामदास यादव, सउनि. चंद्रशेखर पाटीदार, सउनि. दिलीप मुवेल, सउनि. श्रीराम फगोरे, प्रधान आरक्षक गजराज पटेल, भारतसिंह कनेश, विजय चौहान, महिला प्रधान आरक्षक अर्चना डावर, आरक्षक बॉबी ठाकुर तथा महिला आरक्षक टीना की महत्वपूर्ण भूमिका रही।



