प्रभारी मंत्री डॉ. टेटवाल की अध्यक्षता में बड़वानी में जिला स्तरीय समीक्षा बैठक सम्पन्न, प्रशासनिक दक्षता और पारदर्शिता ही सुशासन का आधार – प्रभारी मंत्री
सेंधवा माइक्रो उद्वहन सिंचाई परियोजना का अब नाम स्वर्गीय रामचंद विट्ठल बडे माइक्रो उद्वहन सिंचाई परियोजना होगा

बड़वानी ; जिले के प्रभारी मंत्री एवं कौशल विकास एवं रोजगार राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) डॉ. गौतम टेटवाल की अध्यक्षता में शुक्रवार को कलेक्ट्रेट सभागार में जिला स्तरीय विभागीय समीक्षा बैठक संपन्न हुई। इस दौरान प्रभारी मंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के विकसित भारत की संकल्पना को पूर्ण करने और मुख्यमंत्री के नेतृत्व में आत्मनिर्भर मध्य प्रदेश के सपने को धरातल पर उतारने के लिए राज्य सरकार पूरी प्रतिबद्धता के साथ निरंतर कार्य कर रही है। मध्य प्रदेश, देश के विकास का मुख्य इंजन बनने की दिशा में तेजी से कदम बढ़ा रहा है। बैठक में विभिन्न विकास कार्यों, शासकीय अभियानों और जनकल्याणकारी योजनाओं की प्रगति का विस्तृत मूल्यांकन किया गया।
सुशासन पर जोर, अंतिम व्यक्ति तक पहुँचे लाभ
प्रभारी मंत्री डॉ. टेटवाल ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश देते हुए कहा कि प्रशासनिक दक्षता और पारदर्शिता ही सुशासन का आधार है। उन्होंने जोर दिया कि शासन की योजनाओं का लाभ समाज के अंतिम छोर पर खड़े व्यक्ति तक समयबद्ध तरीके से पहुँचना सुनिश्चित किया जाए।

संकल्प से समाधान अभियान अंतर्गत प्रदेश में बड़वानी प्रथम
जिले ने संकल्प से समाधान अभियान के अंतर्गत बड़ी उपलब्धि हासिल की है। जिले की 409 पंचायतों और 153 वार्डों में आयोजित 102 शिविरों में प्राप्त आवेदनों का शत-प्रतिशत निराकरण कर बड़वानी जिला पूरे प्रदेश में प्रथम स्थान पर रहा है। प्रभारी मंत्री ने जिला प्रशासन की सराहना करते हुए भविष्य में भी इसी सक्रियता से कार्य करने के निर्देश दिए।
जल संरक्षण को जनआंदोलन बनाने का आह्वान
जल गंगा संवर्धन अभियान की समीक्षा में जिला पंचायत सीईओ ने बताया कि खेत तालाब, अमृत सरोवर और गेबियन संरचना जैसे कार्यों में बड़वानी जिला खंडवा और खरगोन के बाद प्रदेश में तीसरे स्थान पर आ गया है। वहीं सहभागी विभागों की रैंकिंग में जिला प्रथम रहा है। प्रभारी मंत्री ने निर्देश दिए कि जल संरचनाओं मुख्यतः बावड़ियों एवं कुएँ इत्यादि के जीर्णाेध्दार एवं निर्माण कार्य निर्धारित गुणवत्ता के साथ समय पर पूर्ण किया जाए। जल संचय को जनभागीदारी के माध्यम से एक जन आंदोलन बनाया जाए ताकि भू-जल स्तर में सुधार हो सके।
शिक्षा और छात्र कल्याण के तहत पोर्टल पर सटीक डाटा अनिवार्य
शिक्षा विभाग की समीक्षा करते हुए प्रभारी मंत्री ने शैक्षणिक उपलब्धियों पर संतोष जताया, लेकिन साथ ही सख्त निर्देश भी दिए बोर्ड परीक्षाओं में बेहतर परिणामों की निरंतरता बनी रहे। नामांकन, पाठ्यपुस्तक और साइकिल वितरण कार्य समय सीमा में पूर्ण हों। एजुकेशन पोर्टल 3.0 पर प्रत्येक छात्र का डाटा सटीक रूप से अपडेट हो।कोई भी विद्यालय शौचालय विहीन न हो इसकी पूर्ण समीक्षा कर आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जाए। निर्माण कार्यों में विलंब या गुणवत्ता से समझौता पाए जाने पर संबंधितों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की जाएगी।

विकास कार्य और सिंचाई परियोजनाएं
बैठक में जनजातीय कार्य, स्वास्थ्य, पीएचई, पीडब्ल्यूडी और जल संसाधन विभाग के कार्यों की भी समीक्षा की गई। मंत्री डॉ. टेटवाल ने निर्देश दिए कि सुदूर क्षेत्रों तक स्वास्थ्य सेवाएं पहुचायें। जिले की निर्माणाधीन सिंचाई परियोजनाओं की समीक्षा करते हुए प्रभारी मंत्री ने कहा कि यह सिंचाई परियोजना मध्यप्रदेश शासन की महत्वपूर्ण परियोजनाओं में से एक है। अतः जिले में किए जा रहे कार्यों की सतत निगरानी रखकर उन्हें समय सीमा में पूर्ण कराये ताकि किसानों को समय पर लाभ मिल सके। प्रभारी मंत्री ने कहा कि सेंधवा माइक्रो उद्वहन सिंचाई परियोजना का अब नाम स्वर्गीय रामचंद विट्ठल बडे माइक्रो उद्वहन सिंचाई परियोजना होगा।
कृषि विभाग के कार्यों की समीक्षा करते हुए प्रभारी मंत्री ने ज़िले ई टोकन, उच्च घनत्व रोपण प्रणाली (एचडीपीएस) कपास की खेती, अतिरिक्त लंबा स्टैपल कपास एवं जैविक खेती को लेकर किए जा रहे प्रयासों से संबंध में जानकारी देकर जैविक खेती हेतु किए जा रहे प्रयासो की सराहना करते हुए निर्देशित किया कि किसानों को समय पर उर्वरक उपलब्ध हो और कालाबाजारी पर उचित कार्रवाई हो आधुनिक पद्धतियों के माध्यम से जनसेवा सुनिश्चित करने की बात कही।
इस दौरान लोकसभा सांसद श्री गजेंद्र सिंह पटेल, पानसेमल विधायक श्री श्याम बरड़े, बड़वानी विधायक श्री राजन मंडलोई, कलेक्टर श्रीमती जयति सिंह, पुलिस अधीक्षक श्री पद्मविलोचन शुक्ल जिला पंचायत सीईओ सुश्री काजल जावला, सहायक कलेक्टर श्री माधव अग्रवाल सहित अन्य जनप्रतिनिधिगण एवं अधिकारी उपस्थित रहे।


