सेंधवा में अग्रसेन जयंती महोत्सव का भव्य समापन, मेधावी विद्यार्थियों का सम्मान और बैंड-बाजों के साथ निकली शोभायात्रा
प्रतियोगिताओं के विजेताओं को पुरस्कार वितरण, सुबह प्रभात फेरी और शाम को महाराजा अग्रसेन की विशाल शोभायात्रा में उमड़ा समाज

जनोदय पंच। अग्रवाल समाज सेंधवा का तीन दिवसीय अग्रसेन जयंती महोत्सव रविवार को धार्मिक उत्साह और सामाजिक एकता के साथ संपन्न हुआ। अंतिम दिन प्रतियोगिताओं के विजेताओं और मेधावी विद्यार्थियों का सम्मान किया गया। सुबह प्रभात फेरी निकली और शाम को महाराजा अग्रसेन की विशाल शोभायात्रा निकाली गई।

प्रतियोगिताओं के विजेताओं और मेधावी विद्यार्थियों का सम्मान
अग्रवाल समाज के सुनील अग्रवाल ने बताया कि महोत्सव के अंतिम दिन पुरस्कार वितरण एवं प्रतिभा सम्मान समारोह आयोजित किया गया। कार्यक्रम में धार की डिप्टी कलेक्टर सलोनी अग्रवाल मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहीं। समारोह में महोत्सव के दौरान आयोजित विभिन्न प्रतियोगिताओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले प्रतिभागियों को पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया।

शिक्षा और विभिन्न व्यावसायिक क्षेत्रों में उपलब्धियां हासिल करने वाले समाज के मेधावी छात्र-छात्राओं का भी सम्मान किया गया। इनमें डॉक्टर, वकील, इंजीनियर, एमबीए सहित विभिन्न क्षेत्रों में उच्च शिक्षा प्राप्त करने वाले युवा शामिल रहे। राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताओं में प्रतिभा दिखाकर समाज का गौरव बढ़ाने वाले विद्यार्थियों को भी सम्मानित किया गया। महिला मंडल और बहू-बेटी मंडल ने भी पुरस्कार वितरण कर प्रतिभागियों का उत्साहवर्धन किया।

डिप्टी कलेक्टर सलोनी अग्रवाल ने शिक्षा और संस्कारों पर दिया जोर
मुख्य अतिथि डिप्टी कलेक्टर सलोनी अग्रवाल ने कहा कि समाज की वास्तविक प्रगति शिक्षा, संस्कार और प्रतिभाओं को उचित अवसर देने से होती है। विद्यार्थियों को लक्ष्य निर्धारित कर निरंतर मेहनत करनी चाहिए। सफलता के लिए अनुशासन, आत्मविश्वास और दृढ़ संकल्प जरूरी हैं। उन्होंने मेधावी विद्यार्थियों के सम्मान को सराहनीय पहल बताते हुए कहा कि ऐसे आयोजन बच्चों और युवाओं को आगे बढ़ने की प्रेरणा देते हैं। उन्होंने समाज की एकजुटता और सामाजिक गतिविधियों में महिलाओं एवं युवाओं की भागीदारी की भी सराहना की।

अध्यक्ष राजेंद्र नरेडी ने बताए महाराजा अग्रसेन के आदर्श
अग्रवाल समाज के अध्यक्ष राजेंद्र नरेडी ने कहा कि महाराजा अग्रसेन के आदर्श आज भी समाज के लिए प्रासंगिक हैं। उनका जीवन समानता, सहयोग, सेवा और परस्पर सद्भाव की प्रेरणा देता है। अग्रसेन जयंती समाज को एक सूत्र में बांधने और नई पीढ़ी को महापुरुषों के आदर्शों से परिचित कराने का अवसर है।

उन्होंने कहा कि बच्चों और युवाओं की प्रतिभाओं को मंच देना तथा उनकी उपलब्धियों का सम्मान करना भविष्य के निर्माण की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। ऐसे आयोजनों से समाज में आपसी प्रेम, सहयोग और एकता की भावना मजबूत होती है।
अग्रवाल समाज के सचिव संजय गोयल ने महोत्सव को सफल बनाने में सहयोग देने वाले पदाधिकारियों, कार्यकर्ताओं, महिला मंडल, बहू-बेटी मंडल, प्रतिभागियों, अभिभावकों और समाजबंधुओं के प्रति आभार जताया। उन्होंने कहा कि सभी के सामूहिक सहयोग और सहभागिता से महोत्सव सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। उन्होंने भविष्य में भी समाजहित के आयोजनों में सहयोग बनाए रखने का आह्वान किया।

मंच पर कैलाश एरन, श्यामसुंदर एरन, दीपक गर्ग, सुशील चौमूवाला, संजय गोयल, राजकुमार मंगल, विजेंद्र गोयल, मुकेश अग्रवाल, अर्पित तायल, किरण तायल, रितु गोयल, रजनी तायल, मुकेश मित्तल और युगल गर्ग उपस्थित थे। कार्यक्रम का संचालन सुनील अग्रवाल, मुकेश अग्रवाल, अर्पित तायल और हेमंत गर्ग ने किया।
भजन-कीर्तन के साथ निकली प्रभात फेरी
महाराजा अग्रसेन जयंती के अवसर पर रविवार सुबह 6 बजे श्री सत्यनारायण मंदिर से प्रभात फेरी निकाली गई। हाथ ठेले पर विराजित महाराजा अग्रसेन के चित्र पर माल्यार्पण कर प्रभात फेरी का शुभारंभ हुआ। समाजबंधु भजन-कीर्तन करते हुए धार्मिक उत्साह के साथ आगे बढ़े।
प्रभात फेरी नगर के प्रमुख मार्गों से होते हुए पुनः श्री सत्यनारायण मंदिर पहुंची। यहां आरती की गई और प्रसाद वितरण के साथ कार्यक्रम संपन्न हुआ। समाजबंधुओं ने श्रद्धा और उत्साह के साथ सहभागिता की।
बैंड-बाजों के साथ निकली महाराजा अग्रसेन की विशाल शोभायात्रा
महोत्सव के अंतिम दिन रविवार शाम 6:30 बजे मंगल भवन से महाराजा अग्रसेन की विशाल शोभायात्रा निकाली गई। शोभायात्रा में महाराजा अग्रसेन की आकर्षक सजीव झांकी विशेष आकर्षण का केंद्र रही। बैंड-बाजों और धार्मिक उत्साह के बीच निकली शोभायात्रा में अग्रवाल समाज की महिलाओं, पुरुषों और बच्चों ने बड़ी संख्या में भाग लिया।
शोभायात्रा मंगल भवन से शुरू होकर गुरुद्वारा मार्ग, संत विनोबा मार्ग, मोतीबाग चौक और श्याम बाजार सहित प्रमुख मार्गों से होते हुए महाराजा अग्रसेन की प्रतिमा स्थल पर पहुंची। मार्ग में धार्मिक उत्साह और उल्लास का माहौल रहा। समाजबंधुओं ने महाराजा अग्रसेन के आदर्शों को स्मरण करते हुए सामाजिक एकता और सद्भाव का संदेश दिया। प्रतिमा स्थल पर महाआरती की गई। इसके बाद प्रसाद वितरण के साथ शोभायात्रा का समापन हुआ।



