राजपुर में पत्नी पर एसिड डालकर हत्या करने वाला पति गिरफ्तार, पुलिस ने झूठी कहानी का किया पर्दाफाश
बड़वानी पुलिस की त्वरित कार्रवाई में हत्या का खुलासा, आरोपी ने पूछताछ में कबूला जुर्म, घटनाक्रम की सच्चाई सामने आई

जनोदय पंच। राजपुर थाना पुलिस ने चरित्र शंका में पत्नी पर एसिड डालकर हत्या करने के मामले का खुलासा करते हुए आरोपी पति को गिरफ्तार किया है। आरोपी ने पूछताछ में अपराध स्वीकार किया। घटना में प्रयुक्त सामग्री भी जब्त कर ली गई है।
हत्या के मामले में पुलिस ने किया त्वरित खुलासा
राजपुर/बड़वानी। चरित्र शंका के चलते पत्नी और बच्चों पर एसिड डालकर गंभीर रूप से झुलसाने तथा पत्नी की हत्या करने के मामले में राजपुर थाना पुलिस ने कार्रवाई करते हुए आरोपी पति को गिरफ्तार कर लिया है। 29 मई 2026 को जिला अस्पताल बड़वानी से निवासी सालखेड़ा मोहनपुरा पिंकी (24 वर्ष) की एसिड से झुलसने के कारण मृत्यु होने संबंधी मर्ग डायरी प्राप्त हुई थी। पुलिस ने मर्ग क्रमांक 39/26 धारा 194 बी.एन.एस.एस. के तहत जांच शुरू की। मृतिका के शरीर और सिर पर मिले चोटों के निशान, एसिड से हुए घाव, घटनास्थल निरीक्षण तथा परिजनों के बयानों के आधार पर मामला हत्या का पाया गया। इसके बाद आरोपी पति विजय चौहान के विरुद्ध अपराध क्रमांक 325/2026, धारा 103(1), 109(2) एवं 124(1) बी.एन.एस. के तहत प्रकरण दर्ज किया गया।
वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशन में आरोपी की गिरफ्तारी
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक पद्मविलोचन शुक्ल ने आरोपी की शीघ्र गिरफ्तारी के निर्देश दिए। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक धीरज बब्बर के मार्गदर्शन तथा एसडीओपी राजपुर आयुष कुमार अलावा और थाना प्रभारी माधवसिंह ठाकुर के नेतृत्व में विशेष टीम गठित की गई। वैज्ञानिक, मनोवैज्ञानिक और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर की गई जांच के दौरान सूचना मिली कि आरोपी विजय पिता झबरसिंह चौहान (31 वर्ष) अपने घर मोहनपुरा इंद्रपुर में छिपा हुआ है। पुलिस ने घेराबंदी कर उसे गिरफ्तार कर लिया।
पूछताछ में सामने आई पूरी साजिश
पूछताछ में आरोपी विजय चौहान ने बताया कि उसे अपनी पत्नी के चरित्र पर शंका थी। इसी कारण उसने 28 मई 2026 की रात लगभग 3:30 बजे ड्रिप साफ करने वाला एसिड मग्गे में निकालकर सो रही पत्नी पर डाल दिया। इस दौरान पास में सो रहे बच्चे भी एसिड की चपेट में आ गए। जब पिंकी जलने के कारण भागने लगी तो आरोपी ने लोहे की रॉड से मारपीट की और कैंची से उसकी चोटी काट दी। बाद में उसने एम्बुलेंस बुलाकर पत्नी को राजपुर और फिर बड़वानी अस्पताल पहुंचाया, जहां उसकी मृत्यु हो गई। पुलिस के अनुसार आरोपी ने घटना को छिपाने के लिए “चूहों द्वारा एसिड गिराने” की झूठी कहानी भी गढ़ी थी और बाद में अस्पताल से फरार हो गया था। आरोपी की निशानदेही पर लोहे की रॉड, प्लास्टिक का मग्गा, ग्लव्स, कैंची तथा घटना के समय पहने गए कपड़े जब्त किए गए हैं। आरोपी को जे.एम.एफ.सी. न्यायालय राजपुर में पेश किया जा रहा है।
मामले के खुलासे में एसडीओपी आयुष कुमार अलावा, निरीक्षक माधवसिंह ठाकुर, उपनिरीक्षक छगनसिंह चौहान, उपनिरीक्षक कविता कनेश, उपनिरीक्षक गजेंद्रसिंह ठाकुर, उपनिरीक्षक गणपति चौहान, उपनिरीक्षक रितेश खत्री, सउनि नारायण पाटीदार, सउनि पूरणसिंह मंडलोई, सउनि सुरेश पाटीदार, प्रआर. गणेश डावर, प्रआर. योगेश पाटिल, आरक्षक ओमप्रकाश पाटीदार, महेंद्र प्रजापत, गेंदालाल सिसोदिया, अर्जुन नरगावे एवं दीपक डोडियार की महत्वपूर्ण भूमिका रही।



