बड़वानी।; पर्यावरण संरक्षण हेतु पंचतत्वों का संतुलन आवश्यक — प्राचार्य डॉ. पंडित

बड़वानी। विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर शहर के शासकीय आदर्श महाविद्यालय, बड़वानी में विविध कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में महाविद्यालय के विद्यार्थियों, प्राध्यापकों एवं स्टाफ सदस्य सम्मिलित हुए।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. प्रमोद पंडित ने कहा कि हमारे पूर्वजों ने हमें संतुलित एवं समृद्ध पर्यावरण की अमूल्य विरासत सौंपी थी, किंतु पिछले कुछ दशकों में प्राकृतिक संसाधनों के अंधाधुंध दोहन के कारण पर्यावरणीय असंतुलन उत्पन्न हो गया है।
उन्होंने कहा कि पर्यावरण के पंचतत्व— जल, वायु, अग्नि, भूमि एवं आकाश — में उत्पन्न असंतुलन को पुनः संतुलित करना वर्तमान समय की सबसे बड़ी आवश्यकता है। तभी हम वर्तमान एवं आने वाली पीढ़ियों को सुरक्षित और स्वस्थ भविष्य प्रदान कर सकेंगे। अन्यथा प्रकृति का रौद्र रूप मानव जाति के लिए गंभीर चुनौतियां उत्पन्न कर सकता है।
इस अवसर पर डॉ. आकाश आस्के ने पीपीटी एवं वृत्तचित्र (डॉक्यूमेंट्री) के माध्यम से विश्व पर्यावरण दिवस की महत्ता, पर्यावरण संरक्षण के उपायों तथा वर्तमान पर्यावरणीय चुनौतियों पर विस्तृत जानकारी प्रस्तुत की। वहीं डॉ. दिनेश कुमार पाटीदार ने भी अपने पर्यावरण संरक्षण विषय पर प्रेरक उद्बोधन देते हुए पर्यावरण के प्रति सामूहिक उत्तरदायित्व निभाने का आह्वान किया। कार्यक्रम को प्रो.आर.आर मुवेल कार्यक्रम अधिकारी रासेयो द्वारा संयोजित किया गया ।कार्यक्रम का सफल संचालन पूजा मंडलोई द्वारा किया गया। अंत में डॉ. लखन परमार ने उपस्थित अतिथियों ओर प्राध्यापकगण डॉ. गीताजंली दासौंधी डॉ. अंतिम बाला जायसवाल डॉ.तजीम कायनात शेख डॉ.अलकेश मुवेल डॉ. रितेश भावसार डॉ. पूजा बघेल डॉ. प्रकाश वास्के सहित विद्यार्थियों एवं स्टाफ सदस्यों के प्रति आभार व्यक्त किया।

कार्यक्रम में निर्मल सिंह चौहान, शुभम मुजाल्दा शीतल बैंडोड, संजय भंडारी, कालू सिंग अभिषेक सहित स्वयं सेवक वालेंटियर उपस्थित रहे। इस आयोजन ने समाज में वर्तमान ओर भविष्य में पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूकता, संवेदनशीलता एवं उत्तरदायित्व की भावना को और अधिक सुदृढ़ किया।




