सेंधवा की सुभाष चंद्र बोस रक्तदान समिति को महाराष्ट्र में मिलेगा राष्ट्रीय रक्तदूत अवार्ड, 35 वर्षों से कर रही रक्तदान के क्षेत्र में कार्य
30 अक्टूबर को सांगली के तासगांव में होगा सम्मान समारोह, दुर्लभ बॉम्बे ब्लड ग्रुप के रक्तदाताओं और विभिन्न राज्यों से रक्तदूतों के शामिल होने की उम्मीद

जनोदय पंच। बड़वानी जिले के सेंधवा की सुभाष चंद्र बोस रक्तदान समिति को रक्तदान के क्षेत्र में किए गए कार्यों के लिए महाराष्ट्र में राष्ट्रीय रक्तदूत अवार्ड से सम्मानित किया जाएगा। सम्मान समारोह 30 अक्टूबर को सांगली जिले के तासगांव में आयोजित होगा। समिति पिछले 35 वर्षों से रक्त की उपलब्धता सुनिश्चित करने और रक्तदान के प्रति जनजागृति फैलाने के प्रयास कर रही है।
रक्तदान के क्षेत्र में योगदान के लिए सम्मान
समिति के सदस्य अशोक राठौर ने बताया कि रक्तदान के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने, देश के विभिन्न राज्यों में रक्त की आवश्यकता पूरी करने, रक्तदान शिविर आयोजित करने और जनजागृति के प्रयासों के लिए समिति को सम्मानित किया जा रहा है। यह सम्मान महाराष्ट्र के सांगली जिले के तासगांव स्थित बॉम्बे ब्लड ग्रुप ऑर्गेनाइजेशन की ओर से दिया जाएगा। समिति की टीम सम्मान समारोह में शामिल होने के लिए महाराष्ट्र के कोल्हापुर पहुंचने वाली है। आयोजन में देश के विभिन्न राज्यों से रक्तदूतों के साथ बॉम्बे ब्लड ग्रुप के रक्तदाताओं के भी शामिल होने की जानकारी दी गई है।
दुर्लभ बॉम्बे ब्लड ग्रुप के लिए भी करती है सहयोग
अशोक राठौर ने बताया कि बॉम्बे ब्लड ग्रुप दुर्लभ रक्त समूहों में शामिल है। इसकी पहचान वर्ष 1956 में मुंबई के केईएम अस्पताल में हुई थी। एक व्यक्ति का रक्त किसी अन्य सामान्य रक्त समूह से मेल नहीं खा रहा था। जांच के बाद उसके रक्त में एच एंटीजन की अनुपस्थिति सामने आई, जिसके कारण इस रक्त समूह को अलग पहचान मिली और इसका नाम बॉम्बे ब्लड ग्रुप रखा गया।
समिति के अनुसार, भारत में इस रक्त समूह के रक्तदाताओं की संख्या बेहद कम है। संस्था का कहना है कि देश की आबादी के अनुपात में अब तक लगभग 300 रक्तदाताओं का पता चल सका है। इस दुर्लभ रक्त समूह के जरूरतमंद मरीजों के लिए रक्त की व्यवस्था करने में समिति भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाती रही है।
समिति ने अपने प्रयासों से गुजरात, उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश और पंजाब में बॉम्बे ब्लड ग्रुप के रक्त की व्यवस्था करने में योगदान दिया है।
35 वर्षों से रक्त उपलब्धता और जनजागृति के प्रयास
सुभाष चंद्र बोस रक्तदान समिति सेंधवा पिछले 35 वर्षों से रक्त की उपलब्धता सुनिश्चित करने में सहयोग कर रही है। समिति सोशल मीडिया और व्यक्तिगत संपर्क के माध्यम से रक्तदान के प्रति जागरूकता फैलाती है तथा जरूरतमंदों के लिए रक्त की व्यवस्था करने में मदद करती है। समिति को इससे पहले भी कई राष्ट्रीय स्तर के पुरस्कार मिल चुके हैं। वर्ष 2016 में तत्कालीन राष्ट्रपति प्रतिभा पाटिल द्वारा भी समिति को सम्मानित किया गया था। दो दिन पहले इंदौर में सबरंग परिवार के संगीत संध्या आयोजन के दौरान अनीस शेख ने भी समिति को सम्मानित किया था।
विक्रम यादव संस्था के संस्थापक
बॉम्बे ब्लड ग्रुप ऑर्गेनाइजेशन के संस्थापक विक्रम यादव, विश्राम यादव, कोल्हापुर-सांगली क्षेत्र से हैं। दी गई जानकारी के अनुसार, विक्रम यादव स्वयं भी इसी दुर्लभ रक्त समूह के रक्तदाता हैं। उनकी संस्था रक्तदान के क्षेत्र में कार्य करती है और दुर्लभ रक्त समूह के रक्तदाताओं को जोड़ने का प्रयास करती है।
समिति के सदस्यों में खुशी
राष्ट्रीय रक्तदूत अवार्ड के लिए चयनित होने पर समिति के सदस्यों में हर्ष है। समिति के प्रेरणास्रोत एवं प्रमुख अजय झंवर, अजय मित्तल, राजेंद्र रघुवंशी, दिव्यम खेड़े, आलोक ठक्कर, अनीश शेख, तनिश यादव, अजित जैन, नीलेश जैन, महेंद्र परिहार, डॉ. विकास नागराज, प्रमोद सैनी, समीर शेख, अल्ताफ शेख, फरीद खान, बलराम राठौर, आकाश राठौर, हेमंत राठौर, सागर यादव, नितिन ठाकुर, सैफी सरकार, भीमसिंह डावर, राजकुमार गुजराती, ललित जाधव, लता मेहता, नारायण सोनी, अंकित तायल, गोपाल ठाकुर, शिवम राठौर और नीरज राठौर सहित समिति के अन्य सदस्यों ने इस उपलब्धि पर खुशी जताई।



